बच्चों का तिलक लगाकर किया गया स्वागत।
देवरिया। पीएमश्री कस्तूरबा राजकीय बालिका इंटर कॉलेज देवरिया में बुधवार को नव प्रवेशित छात्राओं का तिलक लगाकर और पुष्प वर्षा विद्यालय में स्वागत किया गया। इस स्वागत से छात्राओं अभिभूत हो उठीं।
पीएम श्री कस्तूरबा राजकीय बालिका इंटर कॉलेज देवरिया में नए सत्र 2026-27 के प्रथम दिन प्रधानाचार्य शांति राय ने नवप्रवेशित छात्राओं का अभिनंदन किया गया। उन्होंने छात्राओं के माथे पर तिलक लगाया। साथी शिक्षिकाओं ने छात्राओं पर पुष्प वर्षा किया। प्रधानाचार्य ने कहा कि सोशल मीडिया तथा पंफलेट के माध्यम से विद्यालय का प्रचार प्रसार किया जा रहा है, जिससे अधिक से अधिक संख्या में छात्राएं प्रवेश लेकर शासन की योजनाओं का लाभ ले सकें। उन्होंने कहा कि विज्ञान वर्ग, कला वर्ग, व्यावसायिक वर्ग की विद्यालय में स्मार्ट टीवी के माध्यम से स्मार्ट क्लासेस चलाए जा रहे हैं। छात्रवृत्ति, प्रदेश के अंदर शैक्षिक भ्रमण, प्रदेश के बाहर शैक्षिक भ्रमण, निशुल्क सेनेटरी पैड आदि योजनाओं का लाभ छात्राओं को दिया जा रहा है। इस अवसर पर दिव्या यादव आदि उपस्थित रहीं।
नए सत्र में बच्चों को उपहार स्वरूप दी गई व्याकरण की पुस्तकें : देवरिया। सदर ब्लॉक के प्राथमिक विद्यालय बैरौना में बुधवार नए शैक्षिक सत्र का शुभारंभ हुआ। पहले दिन पांचवी कक्षा उत्तीर्ण बच्चों को ग्रामर की पुस्तकें शिक्षकों ने उपहार स्वरूप प्रदान किया। पुस्तकें पाकर बच्चे खुशी से झूम उठे।
कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के चित्र पर द्वीप प्रज्ज्वलित कर और माल्यार्पण कर हुआ। माह का प्रथम बुधवार होने के चलते शिक्षक अभिभावक बैठक भी हुई। इसमें प्रधानाध्यापिका शीला चतुर्वेदी ने कहा कि आप सभी मुझ पर विश्वास कर आपने एक साधारण बालक दिया है। आप सभी को विश्वास दिलाती हूं कि इन नौनिहालों को देश एक अच्छा नागरिक बना कर दूंगी। कार्यक्रम के अंत में शिक्षक अभिभावक संगोष्ठी में बच्चों के शैक्षिक स्तर बढ़ाने पर चर्चा हुई। इस अवसर पर कक्षा पांच उत्तीर्ण विद्यार्थियों को प्रोत्साहन स्वरूप व्याकरण की पुस्तकें भेंट की गईं। वहीं कार्यक्रम में सर्वप्रथम कक्षा एक में नव नामांकित नन्हे-मुन्ने बच्चों का तिलक लगाकर आत्मीय स्वागत किया गया। उन्हें स्टेशनरी किट प्रदान कर विद्यालय परिवार से जोड़ा गया। इसमें थ्री-इन-वन नोटबुक, पेंसिल किट, दो नोटबुक एवं चॉकलेट शामिल रहा। बच्चों को आधुनिक शिक्षा से जोड़ने के उद्देश्य से स्मार्ट बोर्ड के माध्यम से शिक्षण प्रक्रिया से भी अवगत कराया गया, जिससे उनमें नई तकनीक के प्रति उत्साह और जिज्ञासा देखने को मिली।