सिद्धार्थनगर। जनपद एवं सत्र न्यायाधीश संजय कुमार मलिक ने कोरोना महामारी के दौरान मारपीट करते हुए प्राण घातक प्रहार करने, जानमाल की धमकी देने के तीन अभियुक्तों की जमानत मंजूर कर ली है। तीनों आरोपियों बब्बुन पुत्र रामबरन, रामू यादव पुत्र बब्बुन, रामचंदर पुत्र रामलौटन, डुमरियागंज थानाक्षेत्र के माली मैनहा गांव के रहने वाले हैं।
घटना कोविड महामारी के दौरान माली मैनहा में 30 नवंबर को घटित हुई थी। थानाक्षेत्र डुमरियागंज के माली मैनहा गांव निवासी रवीन्द्र प्रताप ग्राम ने पुलिस को तहरीर दी कि 30 नवम्बर 2020 को सायं 4 बजे उसके चचेरे भाई वीरेन्द प्रताप ट्रैक्टर से खेत जोत रहे थे और उसके पिता राजबहादुर व वह स्वयं खाद व बीज की बुवाई कर रहे थे। पुरानी रंजिश में बब्बुन पुत्र रामबरन व रामू, श्यामू, श्यामजी, ओमजी पुत्र बब्बुन, व चन्दर पुत्र बड्डे एक राय से गोल बनाकर लाठी डंडे व लोहे की राॅड लेकर मां-बहन की भद्दी-भद्दी गाली गुफ़्ता देते हुए जान से मारने की नीयत से उन तीनों को मारने लगे तथा लाल मिर्चा भी फेंका, जिससे तीनों लोग चकरा कर गिर गए। वे लोग उन लोगों को पीटते रहे। हल्ला-गुहार सुनकर अगल-बगल मौजूद लोग मौके पर पहुंचकर बीच बचाव किये तथा घटना को देखा। वे लोग जान माल की धमकी देते हुए चले गए।
पिता राज बहादुर को सर पर रॉड से लगे चोट की वजह से खून की उल्टी होने लगी। अपने बड़े पिता को मोबाइल से घटना की जानकारी दी। वह तीनों लोगों को दवा इलाज के लिए पहुंचाए। पुलिस ने केस दर्ज कर विवेचना के बाद न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया। जमानत पर दोनों पक्षों की बहस सुनकर न्यायालय ने आरोपियों को जमानत दी।