फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

‘खेती से पहले मिट्टी की जांच कराएं किसान’

Mon, 20 Oct 2014 05:30 AM IST
Siddhartha nagar
विज्ञापन
विज्ञापन
शोहरतगढ़। विकास खंड शोहरतगढ़ क्षेत्र के ग्राम पंचायत परसिया (दहियाड़) में गुरुवार को किसान गोष्ठी का आयोजन किया गया। इसमें कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को खेती से संबंधित जानकारी दी। आधुनिक खेती के बारे में बताया।
विज्ञापन

मुख्य अतिथि कृषि विभाग के सेवानिवृत्त सहायक विकास अधिकारी नंद किशोर ने रबी फसल के बारे में किसानों को विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि रबी फसल की बुआई से पहले मिट्टी की जांच कराएं। खेत में उपयुक्त नमी के बाद ही बीज का बुआई करें। गेहूं की अधिक पैदावार और पोषकता के लिए जैविक खाद का प्रयोग करें। इससे कम लागत में अधिक उपज का लाभ किसानों को प्राप्त होगा। सहायक विकास अधिकारी भद्रसेन सिंह ने खेतों में खड़े धान की फसल में कीट एवं रोगों से बचाव के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि नीम के तेल और इसके सूखे पत्ते का प्रयोग खेतों में कर के कीटों से फसल की सुरक्षा की जा सकती है। रासायनिक केमिकल के छिड़काव से फसल को नुकसान पहुंचा रहे कीट के साथ किसान मित्र कहे जाने वाले मिट्टी के जीव भी खत्म हो जाते हैं। इससे फायदा से अधिक नुकसान हो जाता है। इसके बारे में किसानों को जानकारी समय पर नहीं हो पाती है। जब पैदावार काफी कम हो जाती है, तब किसान को पता चलता है। कृषि अधिकारी के पास जागरूक या बड़े काश्तकार ही पहुंचते हैं। सरकार का अभियान है कि क्षेत्र के शत प्रतिशत किसान कृषि विभाग या उसकी शाखा से ही बीज और खेती के तौर तरीकों के बारे में जानकारी लेकर खेती करें।
क्षेत्र के किसान रामनगीना सिंह, कालीचरण और जोखन ने खरीफ फसल की अच्छी पैदावार पर उप कृषि निदेशक राजीव झा को बधाई दी। इन किसानों ने बीज समय पर समितियों पर उपलब्ध कराने की मांग की। इस दौरान सदानंद उपाध्याय, धम्मल, रामआश्रय, हरिशंकर, नीरज, अमर सहाय, धर्नुधारी, भूलन, राजेश कुमार, विजय, उमेश, राघव सिंह आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें