सिद्धार्थनगर। वर्ष 1960 में पाकिस्तान गए तथा वहां की नागरिकता लेने वाले व्यक्ति की बांसी तहसील में स्थित भूमि को शत्रु संपत्ति घोषित कर दिया गया। बांसी तहसील के दो गांव की 32 बीघा भूमि को शत्रु संपत्ति घोषित करते हुए डीएम डॉ. राजा गणपति आर ने केंद्रीय गृह मंत्रालय को रिपोर्ट भेजी है। वहीं पाकिस्तान गए व्यक्ति की संतकबीर नगर जिले के मेंहदावल तहसील के तीन गांवों में भी भूमि स्थित है।
वर्तमान में संतकबीर नगर जिले के मेंहदावल तहसील (तत्कालीन तहसील बांसी) के ग्राम सिकरी निवासी फतेह मोहम्मद के दो पुत्र अकबर अली व वकील मोहम्मद थे। जिसमें अकबर अली वर्ष 1960 में पाकिस्तान चले गए तथा वहीं के निवासी हो गए। अकबर अली ने 23 जून 1970 को एक हिब्बानामा अपने नाती माशूक अहमद पक्ष में किया था।
जिसमें अकबर अली ने सिकरी, फुलवरिया, रजाउर व साहूखिरिया में स्थित समस्त संपत्ति माशूक अहमद के नाम कर दी। इसके संबंध में उच्च न्यायालय इलाहाबाद में दाखिल वाद के बाद उच्च न्यायालय ने तीन फरवरी 2010 को 23 जून 1970 के हिब्बानामा को शून्य घोषित कर दिया गया। हिब्बानामा शून्य घोषित होने के बाद माशूक अहमद को साहूखिरिया में प्राप्त समस्त संपत्ति पर कोई अधिकार नहीं रह गया। समस्त संपत्ति शत्रु संपत्ति हो गई।