जमुनहा (श्रावस्ती)। जमुनहा विकास क्षेत्र के ग्राम नदाईडीह के मजरा धोबियन पुरवा में करीब 1500 की आबादी निवासरत है। इसमें अनुसूचित घुमंतू जाति नट परिवार के लोग ही रहते हैं। जिन्हें स्वच्छ पेयजल मुहैया कराने के लिए वर्षों पूर्व से सरकारी हैंडपंप लगाने की मांग की जा रही है। इसके बावजूद अब तक मांग पूरी नहीं हुई। ऐसे में ग्रामीण कम गहराई वाले निजी हैंडपंप का सहारा लेने को विवश हैं। जिसका जल दूषित होने के कारण लोग उसे पीकर बीमार भी हा रहे हैं। नाराज ग्रामीणों ने सोमवार को सरकारी हैंडपंप लगाने की मांग को लेकर जल निगम के खिलाफ प्रदर्शन किया।
प्रदर्शन के दौरान प्रदर्शनकारियों के हाथ में बाल्टी डिब्बा आदि मौजूद था। प्रदर्शनकारी ग्रामीणों का कहना था कि गांव में सरकारी हैंडपंप न होने के कारण लोग कम गहराई का निजी हैंडपंप लगाने को विवश हैं। जिससे दूषित जल निकलता है। महिलाएं व बच्चे आदि कई प्रकार की बीमारियों की चपेट में आ रहे हैं। स्वच्छ पेयजल के लिए घुमंतू जाति के लेगों को अन्य मजरों का सहारा लेना पड़ रहा है। प्रदर्शनकारी ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से हस्तक्षेप कर गांव में सरकारी हैंडपंप लगाने की मांग की है। प्रदर्शन करने वालों में वारिस, गुड्डू, रईस, सियाराम, माहिनकी, किताबों, बड़की, गीता, सुनीता, नीतू, मयक़ीन, राजेश, टिकेराम, हग्गन व शुभवती आदि ग्रामीण मौजूद रहे।