श्रावस्ती। यूक्रेन के सूमी शहर में जिले के दो छात्र मेडिकल की पढ़ाई कर रहे थे। लड़ाई छिड़ने पर वह हॉस्टल के बंकर में चले गए। बृहस्पतिवार को हॉस्टल के किनारे बम ब्लास्ट होने से बिजली व संचार व्यवस्था ध्वस्त हो गई है। पर छात्र सुरक्षित हैं लेकिन उनका संपर्क कट गया है।
अब तक जिले में जितने भी छात्र जंग में फंसे थे उनमें से अधिकांश या तो घर पहुंच गए या पहुंचने वाले हैं। लेकिन सूमी स्थित मेडिकल कॉलेज में पढ़ने वाले जिले के दो छात्र दिनेश कुमार चौहान व राहुल चौधरी अभी वहीं फंसे हैं। बृहस्पतिवार को यहां रूसी सैनिकों द्वारा बम ब्लास्ट किया गया। जिससे वहां बिजली व संचार व्यवस्था ध्वस्त हो गई। अब इन छात्रों का संपर्क कटा हुआ, हालांकि भारतीय दूतावास इन दोनों के संपर्क में हैं। दूतावास से मिली सूचना के आधार पर छात्र सुरक्षित है, उनके पास खाने-पीने का सामान पर्याप्त मात्रा में है।
दूतावास ने कहा है कि हालत सामान्य होते ही इन दोनों को बाहर निकाल लाया जाएगा। यूक्रेन से लौटे छात्रों ने बताया की सूमी शहर युद्ध का केंद्र बिंदु है। बार्डर यहां से दो हजार किलोमीटर दूर है, जिससे यहां से निकलना आसान नहीं है। परिवारीजनों ने प्रशासन से बच्चों को सलामत भारत लाने की मांग की है। डीएम नेहा प्रकाश ने यूक्रेन में फंसे छात्रों के जानकारी के लिए टीम बनाई है। जो वहां फंसे बच्चों की मदद का भरसक प्रयास कर रही है।