श्रावस्ती। हल्लाजोत गोड़पुरवा में प्रधान व कोटेदार के बीच वर्चस्व को लेकर हुए संघर्ष में घायलों की स्थिति अभी नाजुक बनी हुई है। वहीं पुलिस फरार अपराधियों को खोजने के लिए खेत, नदी के कछारी इलाकों की खाक छान रही है।
पुलिस का मानना है कि लॉकडाउन होने के कारण अधिकांश अपराधी गैर जनपद भागने के बजाए आसपास छिपे हैं। वहीं घटना के दूसरे दिन एएसपी ने मौके पर जाकर निरीक्षण किया। वहां तैनात पीएसी व पुलिस को सतर्क रहने की हिदायत दी।
कोटे की दुकान व प्रधान पद को लेकर हल्लाजोत गोड़पुरवा में संघर्षरत कोटेदार व प्रधान बुधवार सुबह आपस में भिड़ गए थे। इस दौरान हुए संघर्ष के बाद आगजनी में बारह घर जल कर राख हो गए थे। बारह लोग गंभीर रूप से घायल हो गए थे।
घायलों का इलाज संयुक्त जिला चिकित्सालय में चल रहा है। दूसरे दिन भी घायलों की स्थिति चिंता जनक बनी हुई है। वहीं एसपी अनूप सिंह ने मामले में वांछित 39 लोगों में पंद्रह को पहले दिन ही गिरफ्तार करने की पुष्टि की थी।
वहीं अन्य फरार लोगों की गिरफ्तारी के लिए एसओजी व कोतवाली पुलिस की अलग अलग टीम लगाई थीं। इस टीम ने रात में गांव में दबिश दी, लेकिन कोई भी आरोपी नहीं मिला। इसी के बाद टीम ने खेत खलिहान के साथ राप्ती के कछार में भी आरोपियों की तलाश के लिए कई बार छापा मारा।
पुलिस का अपना मानना है कि लॉकडाउन के कारण सड़कों पर परिवहन नहीं चल रहे हैं। वहीं मोटर साइकिल व अन्य वाहनों की तलाशी जगह जगह पर तैनात पुलिस ले रही है। ऐसे में आरोपी जिले से बाहर नहीं गए होंगे।
वह निश्चित ही आसपास के गांव, खेत खलिहान में छिपे हैं। इस संबंध में कोतवाली प्रभारी दद्दन सिंह का कहना है कि मुखबिरों से आरोपियों के बारे में सूचनाएं मिल रही है। इसके बाद से पुलिस आरोपियों की तलाश कर रही है।
जल्द ही सभी की गिरफ्तारी हो जाएगी। वहीं घटना के बाद गुरुवार को एएसपी बीसी दुबे ने घटना स्थल का फिर जायजा लिया। गांव में रह रहे महिला व बच्चों को निर्भय होकर रहने को कहा।
इसके साथ ही गांव में तैनात पीएसी व पुलिस के जवानों को सतर्क रहने की हिदायत दिया। वहीं इस संबंध में एसपी अनूप सिंह ने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार निगरानी की जा रही है। टीम आरोपियों के करीब पहुंच चुकी है। जल्द ही शेष फरार आरोपियों की गिरफ्तारी हो जाएगी।