श्रावस्ती। ओमिक्रॉन को लेकर लोगों को किसी भी तरह से घबराने की जरूरत नहीं है। बल्कि उन्हें सतर्क रहने की जरूरत है। मजबूत रोग प्रतिरोधक क्षमता (इम्युनिटी) ओमिक्रॉन से सुरक्षा प्रदान करेगी। ऐसे में जो लोग पहले से किसी गंभीर बीमारी की गिरफ्त में हैं, जिनकी इम्युनिटी कमजोर है, उन्हें विशेष सतर्कता बरतने की जरूरत है। इस संक्रमण को रोकने के लिए सभी को कोविड प्रोटोकॉल का पालन करना अनिवार्य रुप से करना चाहिए।
ओमिक्रॉन को लेकर जारी अपील में मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. एपी भार्गव ने कहाकि ओमिक्रॉन से निपटने के लिए लगातार तैयारियां की जा रही है। संयुक्त जिला चिकित्सालय व सीएचसी पर वार्ड और बेड को आरक्षित किया जा चुका है। साथ ही ओमिक्रॉन से निपटने के लिए आशा और एएनएम को इसके लिए प्रशिक्षित भी किया गया है।
ताकि मुश्किल दौर में सीमित संसाधनों के साथ किसी भी चुनौती से निपटा जा सके। इसके साथ ही समय समय पर आनलाइन मीटिंग कर विशेषज्ञों द्वारा जरूरी जानकारी भी दी जा रही है। जिसके अनुसार जिले में तैयारियां की जा रही हैं। डेल्टा वैरियंट का बदला हुआ रूप ओमिक्रॉन है। जिन लोगों की इम्युनिटी अच्छी है या जिन्हें कोई गंभीर बीमारी जैसे शुगर, बीपी, टीबी, लीवर, किडनी की समस्या नहीं है। उनके लिए ओमीक्रोन किसी भी तरह का खतरा नहीं है।
स्वस्थ लोगों में ओमिक्रॉन के लक्षण या तो नजर ही नहीं आएगें, या काफी हल्के लक्षण नजर आएंगे। उन्होंने बताया कि जिन लोगों की शुगर, बीपी, टीबी, लीवर, किडनी, सांस फूलने की बीमारी से संबंधित दवाएं चल रही हैं, वह विशेष ध्यान रखें। दवाएं नियमित रूप से लें खाएं व इम्युनिटी बढ़ाने के लिए चिकित्सक की सलाह पर आहार लेते रहें। रोग की समस्या को किसी भी तरह से बढने न दें। स्वस्थ शरीर किसी भी रोग से लड़ने में सक्षम होता है।
अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी एवं कोविड टीकाकरण के नोडल अधिकारी डा. मुकेश मातनहेलिया का कहना है कि सभी लोगों को चाहिए कि वह कोविड प्रोटोकाल का सख्ती से पालन करें। एक स्वस्थ व्यक्ति के संक्रमित होने से भले ही उसे कोई विशेष समस्या न हो, लेकिन वह किसी बीमार व बुजुर्ग तक संक्रमण फैलाकर उसके लिए समस्या जरूर खड़ी कर सकता है।
लोगों को चाहिए कि वह मास्क का नियमित इस्तेमाल करें, भीड़ भाड़ में दूरी बनाएं रखें। कोविड टीके की दोनों डोज लगवाएं। तथा कोविड से संबंधित किसी भी तरह का लक्षण दिखने पर अपने नजदीकी सरकारी अस्पताल पहुंचकर कोविड जांच जरूर कराएं।