श्रावस्ती। जिले में दो से तीस अप्रैल तक संचारी रोग नियंत्रण अभियान चलाया जाएगा। इसके साथ ही पंद्रह से तीस अप्रैल तक दस्तक अभियान चलेगा। इस दौरान ग्रामीणों को स्वच्छता के प्रति जागरूक किया जाएगा। तैयारियों को लेकर गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभागार में डीएम ने समीक्षा किया। इस दौरान उन्होंने अभियान को शत प्रतिशत सफल बनाने के लिए सभी तैयारियां पूरी करने का निर्देश दिया। समीक्षा बैठक के दौरान डीएम नेहा प्रकाश ने बताया कि संचारी रोग तथा दिमागी बुखार पर प्रभावी नियंत्रण, इसका त्वरित इलाज व सहयोग शासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में से एक है।
जिले में 02 अप्रैल से 30 अप्रैल तक संचारी रोग नियंत्रण अभियान चलाया जाएगा। साथ ही 15 अप्रैल से 30 अप्रैल तक दस्तक अभियान चलेगा। इस दौरान शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छता के प्रति जागरूक करते हुए विशेष सफाई रखने के लिए लोगों को प्रेरित किया जाएगा। संचारी रोग कार्यक्रम को सफल बनाने के लिये आशा तथा आंगनबाड़ी कार्यकर्ता घर घर जाएंगी। इस दौरान उनके द्वारा दिमागी बुखार, खांसी, जुकाम तथा विभिन्न संचारी रोगों से बचाव के लिए सर्वे किया जाएगा। साथ ही इसके उपचार के विषय में आवश्यक जानकारी देते हुए जन जागरूकता फैलाने का कार्य भी किया जाएगा। जन जागरूकता कार्यक्रम के दौरान यह ध्यान रखा जाए कि कोई भी गांव, मोहल्ला व घर कदापि छूटने न पाए।
डीएम ने निर्देश दिया कि संचारी रोग नियंत्रण व दस्तक अभियान को सफल बनाने के लिए शिक्षा विभाग, कृषि, स्वास्थ्य विभाग, पंचायत राज विभाग, पशुपालन विभाग एवं नगर पालिका व नगर पंचायत से संबंधित अधिकारियों को ढंग से कार्य कर इस कार्यक्रम को सफल बनाए। संचारी रोग अभियान में भाग लेने वाले सभी विभाग अपनी रिपोर्ट समय पर उपलब्ध कराएंगे। सीएचसी अधीक्षकों, जिला पंचायत राज अधिकारी एवं जिला कार्यक्रम अधिकारी को निर्देश दिया कि अभियान पर विशेष ध्यान दें। अभियान के दौरान सफाई, सैनिटाइजेशन, फागिंग, जलभराव, उथले हैंडपंपों का चिन्हीकरण कराकर शुद्ध पेयजल की व्यवस्था करने, खुली नालियों को ढकने, उनकी सफाई कराने तथा जलभराव वाले स्थानों पर चूना का छिड़काव कराने के निर्देश दिये। बैठक में सीएमओ डॉ. एपी भार्गव, एसीएमओ डॉ. मुकेश मातनहेलिया, सीवीओ जयइन्द्र सिंह, ईओ भिनगा यदुनाथ, जिला समन्वयक अजीत उपाध्याय, हरिगेन्द्र वर्मा सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।