शामली। जिले में ठंड बढ़ने के साथ ही कोहरा भी छाने लगा है। कोहरे में हादसा होने की आशंका बनी रहती है। सड़कों पर कई स्थानों पर सफेद पट्टियां नहीं है तो कहीं पर जेब्रा क्राॅसिंग नहीं बनाया गया है। कई स्थानों पर संकेतक तक नहीं है। विभागीय अधिकारी भी इस तरफ ध्यान नहीं दे रहे हैं।
शहर के पानीपत-खटीमा हाईवे पर वाहनों का आवागमन बड़ी संख्या में रहता है। शहर से निकलते ही शिव मंदिर गुलजारी वाला के आसपास एक तरफ की सफेद पट्टी गायब है। यहां पर अक्सर वाहन भी आपस में टकराते रहते हैं। एक सप्ताह पहले यहां पर स्कार्पियो ने आगे चल रही बाइक में टक्कर मारकर बाइक सवार युवक को घायल कर दिया था। करीब छह माह पहले कार ने सड़क किनारे खड़े तीन वाहनों को टक्कर मारकर क्षतिग्रस्त कर दिया था। झिंझाना में मेरठ-करनाल हाईवे पर ईदगाह के पास बने कट पर कोई संकेतक नहीं है। यहां पर अक्सर वाहन टकराने की घटना होती है। यहां पर करीब एक साल पहले बाइक में कार की टक्कर होने से बाइक सवार महिला की मौत हो गई थी जबकि उसका पति गंभीर घायल हुआ था।
इसी कट के नजदीक निजी स्कूल है। छात्र-छात्राओं का इसी कट से आना जाना होता है, लेकिन संकेतक न होने से छात्रों की जान जोखिम में रहती है। वाहन भी इसी कट से निकलते रहते हैं, लेकिन अधिकारियों का इस तरफ कोई ध्यान नहीं है। स्कूल के पास जेब्रा क्राॅसिंग नहीं बना है, जबकि जेब्रा क्राॅसिंग का संकेतक लगाया गया है। इसके अलावा चंदनपुरी, ईदगाह के पास कट पर भी संकेतक नहीं लगे हैं।