शामली में मानसून के दस्तक देने के बाद पहाड़ों में झमाझम बारिश होने से यमुना का जलस्तर बढ़ने लगा है। शाम तक यमुना का जलस्तर 15 हजार क्यूसेक तक पहुंच गया। पहाड़ों पर बारिश होने के बाद 72 घंटे तक जलस्तर बढ़ने की संभावना जताई है।
पहाड़ी क्षेत्रों में हो रही बारिश से यमुना का जलस्तर बढ़ने लगा है। ताजेवाला- हथनी कुंड बैराज पर शुक्रवार शाम 352 क्यूसेक पानी था। शनिवार सुबह बढ़कर आठ हजार क्यूसेक पहुंच गया। दोपहर दो बजे यमुना का जलस्तर 14 हजार क्यूसेक तक पहुंच गया। डाक पत्थर कंट्रोल रूम से बताया कि यमुना नदी और टास नदी में 22 हजार 700 क्यूसेक पानी था। जिसमें 15 हजार क्यूसेक पानी यमुना का शामिल है।
मौसम विभाग ने 72 घंटे के दौरान बारिश होने व जलस्तर बढ़ने की संभावना जताई है। सहारनपुर, शामली, बागपत, गाजियाबाद, दिल्ली को अलर्ट कर दिया गया है। ताजेवाला हथनी कुंड बैराज के सिंचाई विभाग के जेई अशोक कुमार ने बताया कि यमुना नदी में दोपहर दो बजे तक 14 हजार क्यूसेक पानी होने की जानकारी दी है।
केंद्रीय जल आयोग के अफसरों में पिछले 24 घंटों में जलस्तर बढ़ने का दावा किया है। कैराना यमुना नदी पुल पर शाम चार बजे 227.93 मीटर जलस्तर रिकार्ड किया गया है। जबकि यमुना नदी का खतरे का निशान का जलस्तर 230.85 मीटर पर है। ड्रेनेज खंड के अधिशासी अभियंता केपी सिंह ने बताया कि यमुना में मामूली सा जलस्तर बढ़ रहा है।