कलक्ट्रेट परिसर में न्याय के लिए अनशन पर बैठी शिक्षिका पूनम तोमर व नीरू नैन और अन्य । शिक्
शामली। व्हाट्सएप पर शिक्षिकाओं की वीडियो शेयर कर आपत्तिजनक टिप्पणी करने और कथित तौर पर उत्पीड़न किए जाने में कार्रवाई नहीं होने पर मंगलवार को दो शिक्षिकाएं कलक्ट्रेट में अनशन पर बैठ गईं।
कांधला ब्लॉक क्षेत्र के मखमलपुर स्थित प्राथमिक विद्यालय नंबर-2 और प्राथमिक विद्यालय नंबर-2 नाला में तैनात शिक्षिका पूनम तोमर और नीरू नैन का आरोप है कि 29 जुलाई को पुलिस और बेसिक शिक्षा विभाग के अधिकारियों को शिकायत देने के साथ व्हाट्सएप चैट, स्क्रीनशॉट और वीडियो समेत डिजिटल साक्ष्य भी उपलब्ध कराए गए थे, लेकिन दो माह बीतने के बाद भी प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। दोनों शिक्षिकाएं मंगलवार सुबह करीब 10 बजे डीएम कार्यालय पहुंचीं। उन्होंने कार्रवाई होने तक विरोध जारी रखने की बात कही। एसपी एनपी सिंह ने कहा कि मामले की जांच कराई जा रही है। जांच के बाद ही कुछ कहा जा सकेगा।
सोशल मीडिया पर भी उठाया था मामला
शिक्षिकाओं ने पांच अक्तूबर को सोशल मीडिया पर वीडियो और पोस्ट जारी कर मामला सार्वजनिक किया था। उन्होंने मुख्यमंत्री और अधिकारियों से शिकायत की निष्पक्ष जांच कराकर कार्रवाई की मांग की थी।
शिक्षिका पर सोशल मीडिया के जरिए विभाग की छवि धूमिल करने का आरोप
शामली। उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के जिला सह संयोजक एवं ब्लॉक संयोजक शामली प्रदीप कुमार तरार ने शिक्षिका पूनम तोमर के खिलाफ जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को शिकायत दी है। इसमें शिक्षिका पर सोशल मीडिया के माध्यम से शिक्षकों और विभागीय अधिकारियों के खिलाफ कथित रूप से आरोप प्रसारित कर विभाग की छवि धूमिल करने का आरोप लगाया गया है। उधर शिक्षिका ने आरोपों को बेबुनियाद बताया है। बीएसए का कहना है कि मामले की जांच कराई जाएगी संवाद