शामली। बाईपास में निर्माण में आ रहीं कठिनाइयों के समाधान के लिए उत्तर प्रदेश राज्य राजमार्ग प्राधिकरण की महाप्रबंधक समेत चार सदस्यीय टीम का गठन किया गया है। यह टीम आज से दो दिवसीय दौरा शुरू करेगी।
शामली बाईपास की जद में बनत, सहेटा, ताजपुर सिंभालका, बलवा, शामली आदि गांव आ रहे हैं। उत्तर प्रदेश राज्यराज मार्ग प्राधिकरण की ओर से किसानों की भूमि का मुआवजा देकर बैनामे कराए जा रहे थे। बाईपास की कुल 36.6369 हेक्टेयर भूमि में से अभी तक 146 बैनामे कराए गए हैं। 37 बैनामे न होने से बाईपास का कार्य अधूरा पड़ा हुआ है।
भूमि खरीदने में आ रहीं कठिनाइयों और समस्याओं के निराकरण के लिए उत्तर प्रदेश राज्य राजमार्ग प्राधिकरण के महाप्रबंधक प्रशासन, तहसीलदार, नायब तहसीलदार सोमवार और मंगलवार को शामली में आकर बाईपास की जद में आ रहे किसानों से वार्ता करेंगे। मुख्य कार्यपालक अधिकारी नवनीत सहगल भी डीएम सुजीत कुमार को उपशा के अफसरों की टीम के दो दिवसीय कार्यक्रम की जानकारी दे चुके हैं। डीएम ने इस मामले में एडीएम भरत पांडेय, एसडीएम सदर एमपी सिह आदि को उपशा की टीम को सहयोग करने के निर्देश दिए हैं।
रविवार को एसडीएम महेंद्र प्रसाद ने बताया कि शामली बाईपास के लिए शासन से एक अरब 85 करोड़ 13 लाख 94 हजार 686 रुपये प्राप्त हुए थे। जिनमें से एक अरब 15 करोड़ 49 लाख दो हजार 352 रुपये के 146 बैनामे हो पाए है। 69 करोड़ 64 लाख 92 हजार 351 रुपये के और बैनामे होने हैं। उन्होंने बताया कि उपशा के महाप्रबंधक विजय सिंह चौधरी, नायब तहसीलदार शैलेंद्र कुमार सिंह की टीम आज किसानों से वार्ता करेगी। टीम के साथ लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता एसपी सिंह, उपनिबंधक मौजूद रहेंगे।