शामली। दीपावली पर लक्ष्मी पूजा का विशेष महत्व होता है। दीपावली की शाम को लोग अपने-अपने घरों में प्रदोष काल के समय मां लक्ष्मी की विशेष पूजा आराधना करते हैं। माना जाता है कि मां लक्ष्मी दीपावली की रात को सभी घरों में विचरण करती हैं और जहां साफ-सफाई और विधिवत रूप से उनकी पूजा-आराधना होती हैं वहां पर निवास करने लगती हैं। इसी कारण से लोग दीपावली पर घरों को रोशनी से सजाते हैं।
दीपावली पर लक्ष्मी पूजन करना कब होगा शुभ
दीपावली की शाम को मां लक्ष्मी के स्वागत के लिए तैयारियां चलने लगती है। मुहूर्त शास्त्र में बताया गया है कि दिवाली की शाम देवी लक्ष्मी की पूजा प्रदोष काल में करना बहुत ही शुभ और सफल होता है। इसके अलावा प्रदोष काल के दौरान जब स्थिर लग्न हो तो पूजा और भी लाभकारी सिद्ध होती है।
दीपावली लक्ष्मी पूजा का शुभ मुहूर्त:
आचार्य देवानंद शास्त्री ने बताया कि कार्तिक अमावस्या तिथि पर दीपावली मनाई जाती है। ऐसे में 4 नवंबर की शाम को लक्ष्मी पूजा का शुभ मुहूर्त 6 बजकर 10 मिनट से शुरू हो जाएगा जो रात के 8 बजकर 10 मिनट तक रहेगा।
लक्ष्मी पूजा शुभ मुहूर्त- शाम 6:10 से लेकर 8:06 तक
लक्ष्मी पूजा प्रदोष काल मुहूर्त शाम 5:35 से 8: 10 तक
लक्ष्मी पूजा निशिता काल मुहूर्त रात 11:38 से 12:30 तक
अमावस्या तिथि प्रारम्भ नवंबर 4, 2021 को सुबह 6:03 बजे
अमावस्या तिथि समाप्त नवंबर 5, 2021 को रात 2:44 बजे
लक्ष्मी पूजा के लिए शुभ चौघड़िया मुहूर्त:
प्रात: मुहूर्त (शुभ) सुबह 6:35 से 7:58 बजे तक
प्रात: मुहूर्त (चर, लाभ, अमृत) सुबह 10:42 से 2:49 तक
अपराह्न मुहूर्त (शुभ) 4ऱ्11 से 5:34 तक
शाम का मुहूर्त (अमृत, चर) 5ऱ्34 से 8:49 तक
रात्रि मुहूर्त (लाभ) 12ऱ्05 से 1:43 तक