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पार्टी में रार से सपाइयों में ऊहापोह

Sat, 31 Dec 2016 12:06 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला ब्यूरो, शामली
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समाजवादी पार्टी - फोटो : amar ujala
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शामली। टिकटों के बंटवारे को लेकर समाजवादी पार्टी में शुरू हुए दंगल के बाद मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को पार्टी से निष्कासन कर दिया गया। इस फैसले पर जहां सपा नेताओं में ऊहापोह की स्थिति बन गई है, तो भाजपा और बसपा नेता इसको लेकर सपा पर हमलावर हो गए हैं। कोई कहता है कि साढ़े चार साल तक प्रदेश में मचाई लूट के कारण ही सपा में यह युद्ध छिड़ा, तो कोई सपा को आगामी चुनाव से बाहर होना बता रहा है। वहीं, सपा नेताओं को अब भी भरोसा है कि पार्टी एक रहेगी और स्थिति फिर से सामान्य हो जाएंगी। 
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कैराना से भाजपा सांसद हुकुम सिंह का कहना है कि मुख्यमंत्री अखिलेश यादव और उनके चाचा शिवपाल सिंह ने साढ़े चार साल के दौरान प्रदेश को अपराधियों का अड्डा बनाकर रख दिया। मुख्यमंत्री अपनी उपलब्धियां गिनाते हैं, जबकि धरातल पर कुछ नहीं हुआ। पश्चिमी उत्तर प्रदेश विकास के नाम पर पिछड़ा रहा। दिल्ली यमुनोत्री फोरलेन हाईवे के लिए एनओसी तक नहीं दी गई। उनका कहना है कि मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की कोई उपलब्धि नहीं है, बल्कि वह शून्य के बराबर ही रहे। परिवार में झगड़ा टिकटों का नहीं, बल्कि अब तक कमाई अपार दौलत का है। 

सपा एमएलसी वीरेंद्र सिंह का कहना है कि बीते दिनों पार्टी में जो कुछ हुआ, उसकी कल्पना नहीं थी। हम पार्टी के सच्चे सिपाही है। पार्टी मुखिया मुलायम सिंह यादव और मुख्यमंत्री अखिलेश यादव दोनों ही हमारे लिए प्रिय हैं। हमें भरोसा है कि सब कुछ ठीक हो जाएगा और पार्टी एकजुट होकर चुनाव लड़ेगी। 
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कांग्रेस विधायक पंकज मलिक का कहना है कि मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के साथ साढ़े चार साल सदन में काम करने का मौका मिला। युवा होने के साथ ही वह ऊर्जावान हैं। बाकी उनकी           पार्टी में किसे निष्कासित किया जाए, या रखा जाए, इस बारे में वह कुछ नहीं कहेंगे। 

सपा जिलाध्यक्ष किरणपाल कश्यप का कहना है कि नेताजी मुलायम सिंह यादव हमारे आदर्श हैं, तो मुख्यमंत्री अखिलेश यादव भी प्रिय हैं। विवाद घर घर में होता है, उम्मीद है कि सब स्थिति जल्दी ही ठीक होगी और पार्टी एकजुट होकर चुनाव लड़ेगी। 

बसपा नेता राव अब्दुल वारिस का कहना है कि साढ़े चार साल तक प्रदेश में जिस तरह सपाइयों ने लूटपाट मचाई, उसी का नतीजा है कि आज बाप बेटे की बात नहीं मानता, और बेटा बाप की।       सपा की कलह ने स्पष्ट कर दिया     है कि इन्हें जनता से कोई       सरोकार नहीं है। अब सिर्फ बसपा ही भाजपा का मुकाबला कर          सकती है। 

सपा युवजन सभा के जिलाध्यक्ष राशिद पहलवान का कहना है कि हम तो पार्टी के सच्चे सिपाही हैं। पार्टी एक है और रहेगी। पार्टी हाईकमान का जो आदेश होगा, उसी के हिसाब से काम करेंगे। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के निष्कासन पर वह कुछ नहीं कहेंगे।
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