थानाभवन। कस्बे के बाला जी धाम में मंगलवार को अंतरराष्ट्रीय वैश्य महासम्मेलन महिला इकाई द्वारा सुंदरकांड का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में नगर अध्यक्ष रश्मि गर्ग ने कहा कि पुण्य कर्मों का अर्थ केवल वह कार्य नहीं हैं, जिनसे हमें स्वयं लाभ हो। बल्कि वे कर्म हैं, जिनसे दूसरों का भला भी हो।
उन्होंने कहा कि पुण्य कर्म करने का उद्देश्य केवल मृत्यु के बाद स्वर्ग प्राप्त करना नहीं, बल्कि जीवन रहते हुए उसे स्वर्ग समान बनाना है। स्वयं से मित्रता का अर्थ है खुद को जानना-समझना और अपने दुर्गुणों व बुरी प्रवृत्तियों का त्याग करना, जिनके कारण हम दूसरों की नजरों में गिरे और अपने ही लोगों के दिल में जगह न बना सके। कार्यक्रम में शिल्पी अग्रवाल, दीपा तायल, कीर्ति, दीपिका अग्रवाल, पूजा जैन, सरोज रानी, शोभा रानी, नेहा गोयल, श्रुति तायल माैजूद रहे।