कैराना में पिछले सप्ताह हुई एक दर्दनाक आग की घटना ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया है। आग की चपेट में आने से गंभीर रूप से झुलसी 30 वर्षीय अनीता की दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई। इस दुखद घटना में नौ दिन पहले ही अनीता की दो मासूम बेटियों, छह वर्षीय वंदना और डेढ़ वर्षीय जसप्रीत की भी दम घुटने से मौके पर ही मौत हो गई थी। पुलिस ने इस मामले में अनीता की सास ईश्वरी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
यह हृदय विदारक घटना सात मई को मोहल्ला आलदरमियान में घटित हुई थी। आग लगने से अनीता बुरी तरह झुलस गई थी, जबकि उसकी दो बेटियां दम घुटने के कारण अपनी जान गंवा बैठीं। गंभीर रूप से घायल अनीता को पहले मेरठ मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था। लेकिन, हालत में सुधार न होने पर उसे दिल्ली स्थित सफदरजंग अस्पताल रेफर कर दिया गया था, जहां उपचार के दौरान उसने दम तोड़ दिया।
बागपत के थाना रमाला के गांव कंडेरा निवासी अनीता के भाई राहुल कुमार की तहरीर पर पुलिस ने अनीता की सास ईश्वरी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए दो दिन पूर्व आरोपी सास को गिरफ्तार कर लिया और न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। अब शुक्रवार को अनीता की मौत की खबर आ गई, जिसने उसके परिजनों में मातम पसर गया है।