शामली। जलालाबाद के हसनपुर लुहारी में डकैती के विरोध में बंद पड़ा बाजार पांचवें दिन सीओ के आश्वासन पर खुल गया। व्यापारियों ने पुलिस के कहने और बदमाशों के काफी नजदीक पहुंचने की बात पर बाजार खोल दिया हालांकि बाजार में सोमवार को रौनक नहीं दिखाई दी।
हसनपुर लुहारी में चार दिन पूर्व विनोद कुमार जिंदल के यहां परिवार को बंधक बनाकर डकैती डाली थी। लाखों रुपये की डकैती के विरोध में हसनपर लुहारी के व्यापारियों ने घटना के खुलासे तक बाजार बंद करते हुए धरने पर बैठ गए थे।
पुलिस आलाधिकारियों ने गांव में जाकर व्यापारियों को जल्द ही घटना के खुलासे आश्वासन देते हुए बदमाशों को जल्द ही पकड़ने की बात कही थी, एसपी ने भी मौके पर जाकर व्यापारियों को समझाने की बात कही थी, लेकिन व्यापारी अपनी बात पर अड़े रहे। जिस कारण चार दिन से बाजार बंद थे। उधर बाजार बंदी के चलते गांव के लोगों को जरूरत की चीजों के लिए भेज तरसना पड़ रहा था। बाजार के बंद होने के चलते व्यापारियों को लाखों रुपये का नुकसान हो रहा था।
सोमवार को एक बार फिर सीओ भवन सुनील कुमार त्यागी पहुंचे और घटना के जल्द ही खुलासे की बात कहते हुए बदमाशों के नजदीक पहुंचने की बात कही तथा पुलिस को सहयोग करने की अपील की। जिसके बा हसनपुर लुहारी के व्यापारियों ने पांचवें दिन अपने बाजार खोल दिए। पांचवें दिन गांव में बाजार तो खुल गए, बाजार में रौनक नहीं दिखाई दी। बाजार में लोगों ने अपनी जरूरत मंदी की वस्तुएं खरीदी।
रिकवरी की आस, पुलिस पहुंची बदमाशों के पास
शामली। जलालाबाद के हसनपुर लुहारी में लकड़ी व्यापारी के यहां डाली गई लाखों रुपये की डकैैती के मामले में पुलिस ने बदमाशों को चिन्हित तो कर लिया है, लेकिन मामले में अधिक से अधिक रिकवरी हो, पुलिस इसके प्रयास में लगी हुई है।
जिसके चलते पुलिस अपनी फिल्डिंग लगा रही है। चार दिन पूर्व जलालाबाद के गांव हसनपुर लुहारी में बदमाशों ने व्यापारी विनोद कुमार जिंदल के यहां पर परिवार को बंधक बनाकर लाखों रुपये की डकैती की वारदात को अंजाम दिया था। इस मामले में अज्ञात बदमाशों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। मामले में पुलिस बदमाशों को गिरफ्तार करने के लिए लगी हुई है।
पुलिस द्वारा बदमाशों को चिन्हित कर लिया गया है। बदमाशों को पकड़ने के लिए पुलिस अपना जाल बिछा रही है, लेकिन सूत्रों की माने तो प्रकरण में पुलिस चाह रही है कि किसी भी सूरत में पीड़ित व्यापारी की रिकवरी अधिक से अधिक की जाए ताकि उसके नुकसान को पूरा किया जा सके। यही कारण है कि इस मामले में मुख्य बदमाश को धरने की फिराक में है। सू्त्रों की माने तो मुख्य बदमाश के पास से ही केस में रिकवरी संभव है। उम्मीद जताई जा रही है कि पुलिस जल्द ही मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लेगी।