शामली। कृषि कानून के विरोध में गैर भाजपा दलों की ओर से आयोजित भारत बंद के दौरान जिले में सभी बाजार, प्रतिष्ठान और मंडी खुली रही। मगर ग्राहक बाजार न आने से दुकानदार हाथ पर हाथ धरे बैठे रहे। जिस कारण पूरे दिन 20 से 30 फीसदी के बीच कारोबार ही हो पाया।
गैर भाजपा दलों के मंगलवार को भारत बंद के दौरान शहर के कैराना रोड, बुढ़ाना रोड, वीवी इंटर कालेज रोड, हनुमान रोड, शिवचौक, धीमानपुरा रोड, माजरा रोड, गांधी चौक, बड़ा बाजार, क बाड़ी बाजार, नया बाजार, नगर पालिका रोड, मिल रोड, नेहरू मार्केट, रेलवे रोड, रेलपार बाईपास, टंकी रोड समेत सभी बाजार, शामली मंडी नियमित की तरह खुली रही। जिला मुख्यालय के बाहर सभी जगह रास्ता जाम होने के कारण ग्राहक नहीं आने से कम खरीदारी हुई। शहर के व्यस्ततम रेलवे रोड पर सौ से ज्यादा दुकानें और माल गोदाम हैं। इस रोड पर खल चौकर, घी, किरयाना की थोक की दुकानें खुलीं। प्रतिदिन जाम रहने वाला रेलवे रोड पर ग्राहक और माल ले जाने वाले वाहन न आने से बाजार सूना रहा।
शहर के धीमानपुरा रेलवे फाटक पर फर्नीचर की दुकान चलाने वाले रमेश विश्वकर्मा ने बताया कि शादी- विवाह समारोह के बावजूद उनके यहां फर्नीचर के सामान की कोई बिक्री नहीं हुई। बड़ा बाजार निवासी बर्तन व्यापारी रोहित का कहना है कि जिला मुख्यालय पर थोक की आठ और फुटकर की 30 दुकानें हैं। चक्का जाम के कारण दस प्रतिशत पूरे दिन में कारोबार हो पाया है।
रेलवे रोड पर खलचौकर के व्यापारी अनुज बंसल और नवीन गर्ग के मुताबिक थोक के दुकानदारों का रेलवे रोड पर करोड़ों रुपये का कारोबार होता था। भारत बंद के दौरान ग्राहक न आने माल ले जाने वाले वाहन न आने से कारोबार प्रभावित हुआ है। उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल के प्रदेश उपाध्यक्ष अंकित गोयल का कहना है कि भारत बंद के दौरान ग्रामीण क्षेत्र का ग्राहक न आने से व्यापार प्रभावित हुआ है। शहर के लोग बहुत कम खरीदारी कर पाए हैं।
कोट....
- त्योहारों पर जिले का कारोबार प्रतिदिन 70 करोड़ रुपये का शामली मंडी, बर्तन, कपड़ा, इलेक्ट्रॉनिक, सराफा, दवा, जूता, आटोमोबाइल आदि ट्रेड की अच्छी खासी बिक्री होती है। शादी-विवाह होने के बावजूद भारत बंद के दौरान कारोबार प्रभावित हुआ है। 25 से लेकर 30 प्रतिशत कारोबार हो पाया है। - घनश्याम दास गर्ग, प्रदेश अध्यक्ष, प. उप्र संयुक्त उद्योग व्यापार मंडल
शामली मंडी खुली 100 क्विंटल माल की आमद
शामली मंडी में बंद के दौरान दुकानें खुलीं, मगर सुबह कोहरा छाए रहने और भारत बंद से मात्र 100 क्विंटल माल की आमद हुई। शामली मंडी व्यापार मंडल के अध्यक्ष राजीव संगल ने बताया कि शामली मंडी में 100 कारोबारी है। प्रतिदिन 600 क्विंटल गुड़, खांड़सारी, शक्कर की आमद होती थी, मगर मंगलवार को 100 क्विंटल माल मंडी में आया है।
औद्योगिक संस्थानों में भारत बंद का कोई असर नहीं
शामली। इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के अध्यक्ष अशोक मित्तल का कहना है कि भारत बंद का औद्योगिक इकाइयों पर कोई असर नहीं पड़ा है। सुबह और शाम बाहर जाने वाले माल गाड़ियों को रवाना किया गया है। पूर्वाह्न 11 बजे से लेकर शाम चार बजे तक माल ले जाने वाले वाहनों का कोई प्लान नहीं बनाया गया था।