शामली। फाल्गुन मास की महाशिवरात्रि के मद्देनजर जिले के शिवालय पूरी तरह से सज गए है। मंदिर समितियों की ओर से मंगलवार सुबह 3:40 बजे से भगवान आशुतोष का जलाभिषेक की तैयारियां पूरी कर ली गई है। मंगलवार को मनाई जाने वाली महाशिवरात्रि के त्योहार पर शहर के श्री हनुमान धाम स्थित मनकामेश्वर महादेव मंदिर, माजरा रोड़ स्थित भाकूवाला शिव मंदिर, मोहल्ला रेलपार स्थित सदाशिव मंदिर, दुर्गा शिव मंदिर, बुढ़ाना रोड बलभद्र मंदिर, कैराना रोड गुलजारी वाला शिव मंदिर, वनखंडी शिव मंदिर, करनाल रोड स्थित भोलेश्वर महादेव मंदिर, सतीवाला मंदिर समेत शहर के मध्य शिव चौक समेत सभी शिवालयों की सफाई करते हुए फूलों की सजावट की गई। श्री हनुमान धाम के प्रधान सलिल द्विवेदी ने बताया कि मंगलवार को मनाई जाने वाली महाशिव रात्रि की तैयारियों के मद्देनजर मनकामेश्वर मंदिर की फूलों की सजावट की गई है। भगवान आशुतोष की विशेष पूजा अर्चना और जलाभिषेक की तैयारी पूरी कर ली गई है। मंदिर में मगलवार सुबह 3:40 बजे से भगवान शिव का जलाभिषेक किया जाएगा। समिति की ओर से दूध का चरणामृत तैयार किया जा रहा है। कैराना रोड गुलजारी वाला शिव मंदिर के महंत शैलेंद्र गिरी महाराज ने बताया कि भगवान आशुतोष का विशेष शृंगार किया गया है। शिव मंदिर की फूलों से सजावट गई है।
शिवालयों में सुरक्षा के कड़े प्रबंध
एसपी सुकीर्ति माधव ने बताया कि महाशिवरात्रि के मद्देनजर शिवालयों में पुलिस बल तैनात किया गया है। जिसमें महिला आरक्षी की ड्यूटी लगाई गई है। सुबह जलाभिषेक के समय पुलिस मोबाइल टीम गश्त करेगी।
50 हजार डाक कांवड़ वाहन शामली से होकर गुजरे
महाशिवरात्रि के मद्देनजर हरिद्वार, ऋषिकेश, गंगौत्री से गंगा जल लेकर शामली होकर हरियाणा, राजस्थान जाने वाले डाक कांवड़ वाहनों का रैला पूरे दिन शहर के अंदर से जारी रहा। पूरे दिन बोल बम-बम, हर-हर महादेव और ओम नम शिवाय: का जयघोष गूंजता रहा। एक आंकलन के अनुसार हरिद्वार से शामली शहर से होकर हरियाणा, राजस्थान के लिए 50 हजार डाक कांवड़ियां रवाना हुए हैं।
मंगलवार को मनाई जाने वाली महाशिवरात्रि के मद्देनजर सोमवार से ही हरिद्वार-ऋषिकेश और गंगोत्री से डाक और झांकी कांवड़ियों का सुबह से आना शुरू हो गया था। हरिद्वार से मुजफ्फरनगर, शामली होकर हरियाणा के करनाल, पानीपत, जींद, रोहतक, भिवानी, हांसी, हिसार, गंगानगर के लिए पूरे दिन शिवभक्तों का आना जारी रहा। इस बार पैदल के अपेक्षा डाक कांवड़ ज्यादा रही। देर रात तक डीजे पर भगवान शिव के भजन गूंजते रहे। डाक कांवड़ पर तिरंगे आकर्षण का केंद्र रहे। एक अनुमान के अनुसार हरिद्वार से शामली होकर हरियाणा की ओर 50 हजार से ज्यादा डाक कांवड़ियां गुजरे हैं।