शामली के कैराना क्षेत्र में दहशत का पर्याय बने बदमाशों पर शिकंजा कसने के लिए पुलिस ने नया फार्मूले पर काम करना शुरू कर दिया है। आपराधिक मामलों में बदमाशों की जमानती बनने वालों पर पुलिस की नजर है। ऐसे 18 लोग चिह्नित कर लिए गए हैं, जिन्हें जल्दी ही नोटिस भेजे जाएंगे।
नोटिस भेजकर इन लोगों से कहा जाएगा कि आपने किस आधार पर कुख्यात बदमाश की जमानती बनने पर सहमति जताई। ऐसे लोगों की सर्वाधिक संख्या जहानपुरा की है, जो मुकीम काला और उसके गैंग के बदमाशों के जमानती बनने को तैयार हो गए हैं। दरअसल, आपराधिक मामले में गिरफ्तार होने के बावजूद जमानत कराकर जेल से आने में बदमाश जुगत भिड़ाते हैं।
अपने परिजनों और अन्य लोगों के प्रभाव का इस्तेमाल करके लोगों को जमानती बना लिया जाता है। ऐसे में हत्या, रंगदारी और लूट जैसे मामलों में भी कुख्यात बदमाशों को जमानत मिल जाती है। रंगदारी ना देने पर कैराना के व्यापारी विनोद सिंघल की हत्या के मामले में आरोपी बना फुरकान पिछले दिनों जमानत पर जेल से रिहा होकर बाहर आ गया।
इसके बाद कैराना में एकाएक कई व्यापारियों को रंगदारी की धमकी दी गई। तब कैराना कोतवाली पुलिस ने फुरकान के चचेरे भाई सहित तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। वहीं, इस मामले के बारे में अपर पुलिस अधीक्षक अनिल कुमार झा ने बताया कि बदमाशों को जमानत कराने वालों को चिह्नित किया जा रहा है। अभी तक 18 लोग चिह्नित किए जा चुके हैं। इन्हें नोटिस भिजवाए जाएंगे।