शामली। आर्य जाट महासभा शामली ने जाट आरक्षण की मांग को लेकर अनिश्चितकालीन धरने का निर्णय स्थगित कर दिया है।
सीबी गुप्ता कॉलोनी में महासभा के अध्यक्ष डॉ. चौधरी की अध्यक्षता में हुई बैठक में यह निर्णय लिया गया।
प्रताप चौधरी ने कहा कि सुभाष चौक पर अनिश्चितकालीन धरने का कार्यक्रम फिलहाल टाल दिया गया है, क्योंकि केंद्र सरकार ने जाट आरक्षण को लेकर समिति का गठन कर दिया है।
उन्होंने कहा कि आर्य जाट महासभा हरियाणा में जाट आरक्षण के दौरान मृतक के परिजनों को 50 लाख का मुआवजा तथा एक सदस्य को नौकरी देने की मांग करती है।
साथ ही आर्य जाट महासभा ने हरियाणा सरकार को आगाह किया कि आंदोलन में शामिल किसी भी जाट समुदाय के सदस्य का उत्पीड़न बर्दाश्त नहीं किया जायेगा। इस अवसर पर प्रदीप पंवार, सतेंद्र खैवाल, राजेश मलिक, सूर्यवीर सिंह, कंवरपाल सिंह, डाक्टर ओमपाल सिंह आदि मौजूद रहे।
भाजपा को किसान विरोधी बताया
शामली। माजरा रोड पर चौधरी ऋषिपाल बालियान के आवास पर बतीसा खाप की पंचायत हुई, जिसमें जाट आरक्षण को लेकर चर्चा की गई। बतीसा खाप चौधरी बाबा सूरजमल ने कहा कि भाजपा सरकार किसान विरोधी है। हरियाणा में जो हुआ उसके लिए सरकार ही जिम्मेदार है।
हरियाणा में जाट आंदोलन के दौरान जो लोग शहीद हुए, उनके परिजनों को एक एक करोड़ रुपये आर्थिक सहायता तथा परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी दिलाई जानी चाहिए। यदि उनकी मांगे स्वीकार नहीं की जाती हैं, तो चक्का जाम कर प्रदर्शन किया जाएगा।
इस दौरान देवराज पहलवान, विशाल किरोडी, कुलदीप चेयरमैन, विक्रांत भनेडा, सिद्धार्थ देशवाल, रामपाल, शिवराज, विक्रांत उर्फ छोटा, राजीव, महेंद्र, पंकज, ओमेश और अंकुर देशवाल ने भी विचार रखे।