कैराना। अफसरों के छापे से वैध पट्टों की आड़ में अवैध खनन का की पोल खुलने लगी है। हालत है कि नियमों को ताक पर रखकर यमुना का सीना चीरा जाता है। यमुना में गहरे कुंड बनते हैं जो बाद में हादसों का सबब बनते हैं, लेकिन ठोस कार्रवाई नहीं होती।
वैध पट्टे की आड़ में अवैध खनन का खेल खूब चलता है। निर्धारित मात्रा से अधिक खनन किया जाता है। यमुना में गहरे गड्ढे बन जाते हैं, जो बाद में हादसों का सबब बनते हैं। बरसात के दिनो में तटवर्ती गांवों में भी बाढ़ का खतरा बन जाता है। मशीनों से यमुना में बने कुंड में लोग समा जाते हैं। इस तरह के कई हादसे हो चुके हैं। हालत ये है कि यमुना की धारा तक मोड़ने की कोशिशें होती हैं इस तरह के आरोप भी लगते रहे हैं, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं होती। पिछले कुछ दिनों से ये खेल फिर से शुरू हो गया है। अपर आयुक्त सहारनपुर देवेंद्र प्रताप सिंह की मवी, मामौर में प्रशासनिक अधिकारियों के साथ छापा मारा तो अवैध खनन की पोल खुलती है। निर्धारित भूमि से अधिक पर खनन किया गया। अफसरों ने बाकायदा मौके पर वीडियो बनाई है।
कोट
मामौर में 15 हेक्टेयर भूमि पर रेत खनन का पट्टा दिया गया था। मौके पर रेत खनन क्षेत्र की भूमि की पैमाइश करा कर रिपोर्ट तैयार की जा रही है। मवी में तीन तीन माह के लिए दो पट्टे छोडे़ गए थे। मवी के दोनों ही पट्टो से एक माह में ही निर्धारित बालू खनन कर लिए जाने पर अपर आयुक्त सहारनपुर ने मवी के दोनो पट्टे निरस्त कर दिए है। - एसडीएम देवेंद्र सिंह