कैराना। चीनी मांझे से हो रही मौतों और हादसों पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सख्त रुख अपनाया है। जिले में भी चीनी मांझा लोगों के लिए जानलेवा साबित हो चुका है।
बाबरी क्षेत्र में 14 अप्रैल 2023 को इस मांझे की चपेट में आकर बीनड़ा निवासी 32 वर्षीय ईश्वर उर्फ गोविंद की गर्दन कट गई थी। समय रहते उपचार मिलने से जिला चिकित्सालय में उसकी जान बच गई थी, लेकिन यह हादसा आज भी उसके लिए डर और दर्द बनकर रह गया है।
14 अप्रैल 2023 को गोविंद अपनी बहन सरिता को बाइक पर बैठाकर गांव अलीपुर खेड़ी से लौट रहा था। जैसे ही वह बाबरी के पास पहुंचा, अचानक उसकी गर्दन पर चीनी मांझा आ गया। गोविंद ने मांझे को हाथ से पकड़कर खुद को बचाने का प्रयास किया, लेकिन इस दौरान उसके हाथ भी कट गए।
बाइक अनियंत्रित होकर गिर गई थी। हादसे के बाद पुलिस ने उसे जिला चिकित्सालय शामली में भर्ती कराया। डॉक्टरों ने गोविंद की गर्दन पर टांके लगाकर उसे भर्ती कर लिया।
करीब तीन दिन बाद उसे अस्पताल से छुट्टी दे दी गई थी। गोविंद की गर्दन पर आज भी निशान है। हल्की गांठ भी बन गई है। अब बाइक से निकलते समय उसके मन में डर बना रहता है। कहा कि चीनी मांझा बेहद जानलेवा है। प्रशासन को इसकी बिक्री और इस्तेमाल करने वालों पर कड़ी कार्रवाई करनी चाहिए, ताकि किसी और की जिंदगी खतरे में न पड़े।