टीके लगवाकर बुजुर्ग कर रहे दूसरों को भी कर रहे प्रेरित
शामली। जिले में 12 से 14 साल के किशोरों में टीके लगवाने को लेकर उत्साह तो है, लेकिन टीकाकरण गति नहीं पकड़ पा रहा है। किशोरों को ज्यादा से ज्यादा टीकाकरण हो सके, इसके लिए टीका लगवा चुके बुजुर्ग भी टीकाकरण के लिए प्रेरित कर रहे हैं। उनका कहना है कि टीके लगने के बाद उनमें कोरोना जैसी बीमारी से बचाव को लेकर आत्मविश्वास बढ़ा है।
जिले में 20 दिन से 12 से 14 साल के किशोरों को कोरोनारोधी टीके लगाने शुरू हुए थे। सोमवार को जिले में 1138 किशोरों को टीके लगे हैं। इन्हें मिलाकर अब तक कुल 5827 किशोरों को टीके लग पाए हैं जो कुल लक्ष्य 57963 का 10.05 प्रतिशत है। जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. राजकुमार सागर का कहना है कि किशोरों में ज्यादा से ज्यादा टीकाकरण के लिए अभिभावकों को जागरूक किया जा रहा है।
टीके की डोज लेने वाले बुजुर्ग बोले
शहर के बुढ़ाना रोड निवासी रघुवीर सिंह आर्य ने बताया कि वे दोनों टीके लगवा चुके हैं। टीका लगवाने के बाद कोरोना की बीमारी से बचने का आत्मविश्वास बढ़ा है। सभी लोगों को पूरे परिवार के सदस्यों को टीका लगवाना चाहिए।
मोहल्ला विवेक विहार निवासी कुशलपाल सिंह ने बताया कि वह काफी पहले दोनों डोज लगवा चुके हैं। टीका लगवाने से कोई समस्या नहीं आई बल्कि मनोबल भी बढ़ा है कि कोरोना जैसी बीमारी से बचे रहेंगे। टीकाकरण के लिए वे वे समाज में भी लोगों को प्रेरित कर रहे हैं।
गांव खेड़ी बैरागी निवासी सतवीर सिंह ने बताया कि टीका ही कोरोना से बचने का सुरक्षा कवच है। वे टीका लगवा चुके हैं और दूसरे लोगों से भी टीका लगवाने के लिए कहते हैं। टीके से कोई नुकसान नहीं है, यह बीमारी से बचाता है। उन्हें टीका लगने के बाद कोई परेशानी नहीं हुई।
गांव पेलखा निवासी शकुंतला देवी ने कहा कि टीके को लेकर न कोई भ्रम है और न ही किसी तरह की शंका। टीका ही कोरोना से बचाव का उपाय है। वह पहले ही टीके लगवा चुकी हैं। इससे किसी तरह की कोई समस्या नहीं है। सभी को कोरोना से बचाव का टीका लगवाना चाहिए।
सतवीर सिंह।- फोटो : SHAMLI
कुशलपाल सिंह।- फोटो : SHAMLI
शकुंतला देवी।- फोटो : SHAMLI