कैराना। राष्ट्रीय लोकदल के पिछड़ा व अति पिछड़ा वर्ग सम्मेलन के दौरान राष्ट्रीय महासचिव त्रिलोक त्यागी ने कैराना पलायन का कारण गांव देहात में शिक्षा और रोजगार की कमी बताया। कहा कि किसान नेता चौधरी चरण सिंह ने जीवनभर गांव देहात के पिछड़े लोगों को साथ उनकी भलाई के लिए कार्य किए।
रविवार को कैराना में शामली रोड पर पब्लिक इंटर कालेज के सामने पिछड़ा अति पिछड़ा वर्ग सम्मेलन का आयोजन किया गया। मुख्य अतिथि रालोद के राष्ट्रीय महासचिव त्रिलोक त्यागी ने अन्य पार्टियों से लोकदल में शामिल हुए नेताओं का स्वागत किया। कहा कि रालोद हमेशा से पिछडे़ लोगों को साथ लेकर चला है।
पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह ने प्रधानमंत्री रहते हुए अपने मंत्रिमंडल में पिछडे़ समाज के 23 लोगों को मंत्री पद दिया था। उनके कार्यकाल में मुस्लिम बुनकर समाज से भी मंत्री बने थे। चौधरी चरण सिंह ने गांव की गलियों से किसानों को नेता बनाया। उनकी पार्टी पिछड़े वर्ग के लिए आबादी के आधार पर आरक्षण की मांग करती है। उनकी पार्टी धर्म जाति के नाम पर राजनीति नहीं करती।
रालोद हमेशा ही नफरत फैलाने वालों के खिलाफ रही है। उन्होंने हिंदू मुसलमानों को एक होकर 2017 के विधानसभा चुनाव में रालोद को जिताने की अपील की। इससे पूर्व ताराचंद शास्त्री ने कहा कि उनका मिशन रालोद को मजबूत करके समाज के सभी वर्गों के हितों की रक्षा करना है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से अपील की कि चुनाव में प्रत्येक कार्यकर्ता 5-5 लोगों को पार्टी से जोडे़ं।
पश्चिमी उत्तर प्रदेश अध्यक्ष मुंशी रामपाल ने कहा कि रालोद ही एकमात्र ऐसी पार्टी है, जो हर वर्ग को साथ लेकर चलती है। खासकर पिछड़ा वर्ग के उत्थान में जितने कार्य रालोद ने किए हैं, उतने किसी ने नहीं किए।
इस दौरान रालोद जिलाध्यक्ष ऋषिराज राझड़, पूर्व विधायक बाबू सिंह, बलबीर सिंह मलिक, जिला पंचायत सदस्य मुकेश सैनी, देशराज भनेड़ा, जावेद राव, चेयरमैन थानाभवन संजय शर्मा, सोहनपाल सिंह कसेरवा, सतबीर पंवार, योगेंद्र चेयरमैन, कंवरपाल मालेंडी, अभिषेक चौधरी, रंधावा मलिक, अनवार चौधरी, रजनीश कोरी, डॉ. सतबीर बालियान, वकील चौधरी, गय्यूर हसन, विशाल करोड़ी, रामकुमार वर्मा, जावेद जंग, आशुतोष पंवार, डाक्टर मुबारक अली, हाजी उस्मान आदि मौजूद रहे।