शामली। जिले की ग्रामीण और आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की बेटियों के लिए अच्छी खबर है। शासन ने जनपद के चार कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालयों को उच्चीकृत कर कक्षा 12 तक संचालित करने का निर्णय लिया है। इससे अब छात्राओं को घर के नजदीक ही आवासीय सुविधा के साथ गुणवत्तापूर्ण माध्यमिक एवं उच्च माध्यमिक शिक्षा मिल सकेगी। जुलाई से इन विद्यालयों में पहली बार कक्षा 9 और 11 में प्रवेश शुरू होंगे।
जनपद के बनत, कैराना, कांधला और ऊन ब्लॉक में चार कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय संचालित है। अब तक इन विद्यालयों में केवल जूनियर स्तर तक पढ़ाई होती थी, लेकिन उच्चीकरण के बाद छात्राओं को आगे की पढ़ाई के लिए दूसरे विद्यालयों का रुख नहीं करना पड़ेगा। उच्चीकृत विद्यालयों में छात्राओं के लिए आधुनिक सुविधाएं विकसित की जा रही हैं। सभी विद्यालयों में कंप्यूटर लैब स्थापित की जाएगी, जहां छात्राओं को डिजिटल साक्षरता और तकनीकी शिक्षा का प्रशिक्षण मिलेगा। इसके साथ ही बेहतर शैक्षिक वातावरण और आवश्यक संसाधन भी उपलब्ध कराए जाएंगे, ताकि छात्राएं आधुनिक दौर की प्रतिस्पर्धाओं के लिए खुद को तैयार कर सकें।
जिला समन्वयक बालिका सुशील ने बताया कि कैराना, कांधला और ऊन में हॉस्टल शुरू हो चुके है। इसमें कांधला में कक्षा नौ में 20 दाखिले हो चुके है, सभी छात्राओं के दाखिले कांधला के राजकीय बालिका इंटर कॉलेज में कराए गए है। वहीं कैराना में 80 दाखिले हो चुके है, छात्राओं के दाखिले पास के राजकीय बालिका कॉलेज भूरा में कराए गए है।
ऊन में भी 80 दाखिले हो चुके हैं, कस्बे के ही स्कूल में दाखिले कराए गए है। जबकि बनत शामली में 20 छात्राओं के दाखिले कक्षा नौ में हुए है, सभी के दाखिले शामली के हिंदू कन्या इंटर कॉलेज में कराए गए है। रहने की सुविधा सभी छात्राओं को छात्रावास में दी जा रही है।