जिलाधिकारी ने शामली शुगर मिल और गन्ना विकास समिति कार्यालय का निरीक्षण किया। इस दौरान किसानों ने गन्ने की पर्ची ना पहुंचने और पक्का कलेंडर ना मिलने की शिकायत उठाई।
शुक्रवार सुबह डीएम अचानक डीसीओ को लेकर शामली शुगर मिल पहुंच गए । मिल के गन्ना क्रय केंद्र पर जाकर कांटा चैक किया। जो सही मिला। मिल के चीनी स्टॉक और मशीनरियां भी देखी। इस दौरान बुग्गी ग्रास कांटे, क्रय केंद्र खेड़ी बैरागी, द्वितीय नगली जमालपुर, काबड़ौत, बुटाराडी, हसनपुर द्वितीय का किया निरीक्षण। इस मौके पर डीसीओ डॉ. अनिल भारती, शामली चीनी मिल के चीफ आपरेटिव आफिसर आरबी खोखर, मिल के गन्ना महाप्रबंधक कुलदीप पिलानिया, गन्ना प्रबंधक दीपक राणा मौजूद रहे। बाद में शामली सहकारी समिति कार्यालय में पूछताछ केंद्र का निरीक्षण किया। इस दौरान किसानो ने कहा कि उन्हें गन्ने की पर्ची नहीं मिल रही। किसी को चार चार पर्ची मिल गई तो किसी को एक भी नही भेजी गई। पक्का कलेंडर ना मिलने की भी शिकायत की। डीएम ने डीसीओ से कहा कि गन्ना मूल्य भुगतान, अंतिम कलेंडर का वितरण, गन्ना किसानों की समस्याओं का समाधान होना चाहिए। डीसीओ ने बताया कि पक्का कलेंडर दो दिनों में किसानों तक पहुुंच जाएंगे। जिला गन्ना अधिकारी डॉक्टर अनिल कुमार भारती ने तीन गन्ना समितियों के कार्य क्षेत्र में स्थापित चीनी मिल द्वार एवं क्रय केंद्रों के औचक निरीक्षण हेतु टीमों का गठन कर दिया गया है।