शामली। टी-20 वर्ल्ड कप के फाइनल क्रिकेट मैच में भारत भारत की टीम ने न्यूजीलैंड की टीम को हराकर 96 रन से शानदार जीत हासिल की। भारत की जीत पर क्रिकेट प्रेमी झूम उठे। हर तरफ जश्न का माहौल बन गया और जमकर आतिशबाजी हुई।
रविवार को शाम के सात बजते ही क्रिकेट प्रेमी मैच देखने के लिए एलईडी व मोबाइल फोन की स्क्रीन पर चिपक गए। अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खेले गए फाइनल मैच में भारत ने पहले बल्ले बाजी की। मैच शुरू होते ही शहर से लेकर गांव की गलियां सूनी हो गई। घरों से लेकर शहर में वर्मा मार्केट, बड़ा बाजार, नया बाजार आदि स्थानों पर क्रिकेट प्रेमी दुकानों पर मैच देखते नजर आए। वर्मा मार्केट में रोहित, अनुज व राहुल एलईडी के साथ कमेंट्री सुनने के लिए बड़ा स्पीकर लगाकर मैच का आनंद लेते नजर आए। वहीं कस्बा कैराना, झिंझाना, गांव कुड़ाना में ग्रामीणों ने मैच का भरपूर आनंद उठाया। दर्शकों ने भारत के द्वारा पहले बल्लेबाजी करने के फैसले का स्वागत किया। जैसे ही भारतीय खिलाड़ी अभिषेक शर्मा ने 18 गेंद में छक्का मारकर 50 रन पूरे किए तो क्रिकेट प्रेमी तालियां बजाते हुए खुशी से झूमने लगे।
भारतीय खिलाड़ी संजू सैमसन ने 46 गेंद पर 89 रन, 21 गेंद पर अभिषेक शर्मा ने 52 रन और ईशान किशन ने 25 गेंद पर 54 रनों का योगदान दिया। भारतीय खिलाड़ियों की दमदार बल्लेबाजी को देखकर क्रिकेट प्रेमियों में जोश बना रहा। क्रिकेट प्रेमी भारत माता की जय, वंदेमातरम के नारे लगाते हुए पूरे जोश में नजर आए। 20 ओवर में भारत की टीम ने पांच विकेट खोकर न्यूजीलैंड की टीम के सामने 255 रन का स्कोर खड़ा किया।
न्यूजीलैंड की टीम 19 ओवरर में 159 रन बनाकर ऑलआउट हो गई और भारत ने फाइनल मुकाबला 96 रन से जीत लिया। भारत की जीत पर शहर से लेकर कस्बों व देहात में जश्न का माहौल बन गया। क्रिकेट प्रेमियों में खुशी का माहौल बना रहा। क्रिकेट प्रेमी भारत ने बताया कि अभिषेक शर्मा ने छह चौके व तीन छक्के मारकर भारत की जीत पहले ही पक्की कर दी थी। रेलपार के क्रिकेट प्रेमी दीपक ने कहा कि उन्हें पहले ही भारतीय टीम पर विश्वास था कि वह विश्वकप जरूर जीतेगी।
शामली के बड़ा बाजार मुरारी वाला कुंआ के पास भारत-न्यूजीलैंड का क्रिकेट मैच देखते क्रिकेट प्- फोटो : करणी सेना के पदाधिकारी यूजीसी का विरोध करते हुए। संवाद
शामली के बड़ा बाजार मुरारी वाला कुंआ के पास भारत-न्यूजीलैंड का क्रिकेट मैच देखते क्रिकेट प्- फोटो : करणी सेना के पदाधिकारी यूजीसी का विरोध करते हुए। संवाद