गांव खंदरावली में अगस्त माह में युवक पर जानलेवा हमले के मामले में आरोपी पक्ष ने पुलिस अधीक्षक को पत्र देकर घटना को फर्जी बताया है। घायल युवक से फोन पर हुई बातचीत की ऑडियो मुहैया कराकर निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है।
गांव खंदरावली निवासी अदनान उर्फ मक्खी ने दिल्ली के कोटला मुबारकपुर शेर सिंह बाजार निवासी जितेंद्र पुत्र रघुवीर सिंह से 10 लाख 50 हजार रुपये में सौदा करके ट्रक खरीदा था। तय समय पर भुगतान नहीं देने के कारण जितेंद्र से विवाद चल रहा था। 11 अगस्त को अदनान पर जानलेवा हमला हुआ था। मामले में अदनान के परिजनों की तरफ से जितेंद्र समेत अन्य आरोपियों के खिलाफ कांधला थाने पर रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। बुधवार को जितेंद्र ने पुलिस अधीक्षक को प्रार्थना पत्र दिया। बताया कि अदनान काफी समय से रुपये नहीं लौटा रहा था। 11 अगस्त को उससे फोन पर बातचीत हुई, जिसमें उसने कहा कि गांव खंदरावली आ जाओ, यहीं हिसाब किया जाएगा। जितेंद्र का कहना है कि वह खंदरावली पहुंचा, तो उसे कह दिया कि शामली चलो, वहां दूंगा पैसे। इसके बाद वह शामली में पंवार ट्रांसपोर्ट पर आकर बैठा रहा, लेकिन अदनान वहां नहीं पहुंचा। जितेंद्र का कहना है कि इसके बाद वह बागपत चला गया। अगले दिन उसे मालूम चला कि अदनान पर जानलेवा हमले की रिपोर्ट दर्ज हुई है। जितेंद्र का आरोप है कि अदनान ने अपने साथियों के साथ मिलकर साजिश के तहत खुद को गोली मारी और उनके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करा दी। मामले में निष्पक्ष जांच कराने की मांग की गई है।
फर्जी रिपोर्ट दर्ज कराने का आरोप
शामली। सहारनपुर के गंगोह थाना क्षेत्र के गांव ताताहेड़ी निवासी मुस्तकीम, मुस्तफा, इस्लाम, नदीम और रिजवान ने पुलिस अधीक्षक को शिकायत पत्र देकर बताया कि गांव भूरा निवासी जमशेद ने उनके खिलाफ बलवा और जानलेवा हमले की रिपोर्ट छह सितंबर को झिंझाना थाने में दर्ज करा दी है। उसकी बेटी का रिश्ता जमशेद के बेटे परवेज से तय हुआ था। 16 जुलाई को बारात उनके गांव में पहुंची थी, तो दूल्हे ने कार की डिमांड कर दी थी। इस पर विवाद हो गया था। तब जिम्मेदार लोगों ने समझौता करा दिया था और परवेज से रिश्ता टूट गया था। आरोप है कि समझौते में तय धनराशि का भुगतान करने से बचने के लिए जमशेद ने फर्जी रिपोर्ट दर्ज कराई है। मामले की निष्पक्ष जांच कराकर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई कराने की मांग की है। पुलिस अधीक्षक ने जांच कराने का आश्वासन दिया है।