मुजफ्फरनगर। राज्य मंत्री कपिल देव अग्रवाल पर दर्ज आचार संहिता उल्लंघन के मामले में कोर्ट ने रेडियो ग्राम के माध्यम से पुलिस कांस्टेबल को गवाही के लिए पेश होने का आदेश दिया है। कोर्ट ने एसएसपी को पत्र लिखकर पुलिस कांस्टेबल को कोर्ट में पेश होने के लिए निर्देशित करने को भी कहा है।
शहर कोतवाली क्षेत्र के रामलीला टिल्ला पर 11 जनवरी 2022 को सभा का आयोजन किया गया था। इसके एक दिन बाद पुलिस ने मौजूदा राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार कपिल देव अग्रवाल सहित पांच लोगों के विरुद्ध शहर कोतवाली में आचार संहिता एवं आपदा प्रबंधन तथा महामारी अधिनियम उल्लंघन की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया था।
शहर कोतवाली के सब इंस्पेक्टर जोगिंदर पाल सिंह ने मुकदमा दर्ज कराते हुए बताया था कि वायरल वीडियो की जांच में सामने आया था कि 11 जनवरी 2022 को राज्यमंत्री कपिल देव अग्रवाल, भाजपा महामंत्री राधे वर्मा, जिला उपाध्यक्ष अजय सागर, शेखर राजपूत और सुंदर सोम आदि ने सभा आयोजित कर आचार संहिता का उल्लंघन किया था।
पुलिस ने विवेचना कर कोर्ट में आरोपियों के विरुद्ध चार्ज शीट दाखिल की थी। लंबे समय से मामले में गवाह पुलिस कांस्टेबल मोहित के कोर्ट में पेश न होने के कारण मुकदमे की कार्यवाही तेजी से आगे नहीं बढ़ पा रही थी। बचाव पक्ष के प्रत्यावेदन पर कोर्ट ने अब एसएसपी को पत्र लिखकर गवाही के लिए पुलिस कांस्टेबल मोहित को पेश कराने के लिए कहा है।