शामली। गर्मी के लंबे अवकाश के बाद जिले के परिषदीय विद्यालयों में 16 जून से बच्चों की चहल-पहल लौटेगी। स्कूलों की घंटियां फिर बजेगी, कक्षाओं में पढ़ाई शुरू होगी और नए सत्र को सफल बनाने के लिए शिक्षा निभाग भी पूरी तरह सक्रिय हो गया है।
विभाग ने ग्रीष्मावकाश के बाद विद्यालयों के संचालन की तैयारी कर ली है। इनमें नामांकन बढ़ाने, छात्र छात्राओं की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने, शैक्षणिक गुणवत्ता सुधारने, आधारभूत सुविधाओं को दुरुस्त रखने पर विशेष जोर है।
बीएसए संतोष कुमार ने बताया कि स्कूल चलो अभियान के दूसरे चरण को गति दी जाएगी। दूसरे चरण में भी बेहतर कार्य किया जाएगा। साथ ही प्राथमिक विद्यालयों से उच्च प्राथमिक और उच्च प्राथमिक से माध्यमिक स्तर तक विद्यार्थियों का शत-प्रतिशत ट्रांजिशन कराने पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा। नए सत्र में केवल नामांकन ही नहीं, बल्कि बच्चों की नियमित उपस्थिति और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा भी प्राथमिकता में रहेगी।
स्कूलों में किचन गार्डन भी तैयार कराए जाएंगे। शिक्षकों को शैक्षणिक कैलेंडर के अनुसार कक्षाएं संचालित करने, समय पर मूल्यांकन कार्य पूरा करने और निपुण भारत मिशन के लक्ष्यों को हासिल करने के निर्देश दिए गए हैं। शिक्षकों और कर्मचारियों से जुड़े मामलों को भी प्राथमिकता दी जाएगी। बीएसए ने बताया कि कैशलेस चिकित्सा योजना के अंतर्गत सभी पात्र शिक्षकों और कर्मचारियों का पंजीकरण अभियान मोड में पूरा कराया जाएगा। अंतरजनपदीय स्थानांतरण प्रक्रिया में तेजी लाई जाएगी तथा चयन वेतनमान, सेवानिवृत्ति लाग और मृतक आश्रित नियुक्तियों से जुड़े लंबित मामलों का शीघ्र निस्तारण कराया जाएगा।
इसके साथ ही आरटीई से चयनित बच्चों के लंबित प्रवेश पूरे कराने, नव भारत साक्षरता कार्यक्रम को गति देने के निर्देश भी दिए गए हैं। स्वयं सहायता समूहों, आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के सहयोग से साक्षरता अभियान को और प्रभावी बनाया जाएगा।