कैराना। आंधी और बारिश के चलते कैराना क्षेत्र में शामली रोड पर कई जगह हाइटेंशन विद्युत लाइन के खंभे और पेड़ गिर जाने के कारण क्षेत्र में विद्युत आपूर्ति ठप हो गई।
रविवार रात डेढ़ बजे अचानक बादल गरजने के साथ ही आंधी के बाद बारिश शुरू हो गई। लगभग एक घंटे तक आंधी चली। बारिश के कारण लोगों को जहां गर्मी से राहत मिली।
वहीं कंडेला बिजलीघर से कैराना क्षेत्र में आने वाली 11 हजार की विद्युत लाइन जगह जगह से टूट गई। साथ ही जगनपुर के पास बहुत पुराना शीशम का पेड़ और अन्य कई पेड़ भी गिर गए। शामली रोड पर कई जगह पेड़ खंबों लाइनों पर भी गिर गए। जिससे रात से ही विद्युत सप्लाई सोमवार देर सांय तक पुरी तरह ठप रही। सोमवार दोपहर तीन बजे काली घटाओ के साथ फिर से बारिश शुरू होने से मौसम सुहाना बन गया।
मुर्गी के 1500 बच्चों की मौत
गांव लिलौन में यासीन ने मुर्गी फार्म खोला हुआ है। रविवार देर रात आई आंधी में मुर्गी फार्म की चारों तरफ की दीवार, टिन और जाली टूटकर जमीन पर आ गिरी, जिस कारण मुर्गियों के 1500 बच्चों की मौत हो गई। उसके बेटे शाहनवाज का कहना है कि कई लाख रुपये का नुकसान हुआ।
आंधी में डेरी का फाउंडेशन टूटा
खेड़ी करमू गांव में हरपाल की माइक्रो कामधेनु डेयरी है। देर रात आंधी के दौरान डेयरी का फाउंडेशन टूट गया और टिन की छत गिर गई। वहां बंधी गाय और भैंस घायल हो गई। हरपाल ने कई लाख रुपये का नुकसान बताया है।
चौपट हो गई बिजली आपूर्ति
रविवार रात आंधी के बाद से ही बिजली आपूर्ति ठप हो गई। सोमवार शाम पांच बजे तक शहर से लेकर देहात क्षेत्र तक बिजली आपूर्ति सुचारु नहीं हो सकी। बिजली अधिकारियों का कहना है कि आंधी में क्षतिग्रस्त हुई विद्युत लाइनों की मरम्मत कार्य कराया जा रहा है।
गिर गया गरीब का घर
गांव सेवापुर में शिवकुमार मजदूरी करके परिवार पालता है। उसका मकान कच्चा है। रविवार रात आई आंधी में उसके मकान की छत गिर गई। परिवार के लोग बाल बाल बचे। उधर, शामली के मोहल्ला बड़ी आल में भी एक मकान की छत गिर गई। मकान में सो रहे परिवार ने बाहर भागकर अपनी जान बचाई।