शामली में गंगाजल लेकर दौड़ते डाक कांवड़िये।
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जिले से होकर गुजरे करीब एक लाख कांवड़िये
शामली। महाशिवरात्रि के दिन भी हरिद्वार से गंगाजल लेकर हरियाणा, मध्य प्रदेश, राजस्थान के डाक कांवड़िये दौड़ते रहे। पूरे दिन डाक कांवड़ वाहनों पर भोले के भजन गूंजते रहे। मंगलवार शाम डाक कांवड़ वाहनों का शोर थम गया। नगरपालिका शामली के ईओ सुरेंद्र सिंह का कहना है कि हरिद्वार से शामली होते हुए हरियाणा, राजस्थान और मध्य प्रदेश के लिए करीब एक लाख कांवड़िये गुजरे।
पिछले पंद्रह दिनों से फाल्गुन मास शुरू होते ही हरिद्वार, गंगोत्री और ऋषिकेश से शिवभक्तों का शामली होकर हरियाणा, राजस्थान, मध्यप्रदेश के लिए आवागमन शुरू हो गया था। पिछले तीन दिनों से गंगा जल लेकर शामली होते हुए हरियाणा, राजस्थान जाने वाले डाक कांवड़ वाहनों का रैला जारी था। मंगलवार को महाशिवरात्रि के दिन शहर में बोल बम, हर-हर महादेव के जयघोष गूंजते रहे। नगरपालिका के ईओ सुरेंद्र पाल सिंह का कहना है कि मंगलवार देर शाम तक एक आकलन के अनुसार जिले से करीब एक लाख कांवड़िये पिछले करीब 15 दिन में गुजरे। आखिरी दिन हरिद्वार से हरियाणा के करनाल, पानीपत, जींद, रोहतक, भिवानी, हांसी, हिसार, गंगानगर जिलों के डाक कांवड़ियों का आना जारी रहा। इस बार पैदल के अपेक्षा डाक कांवड़ ज्यादा रहीं। डाक कांवड़ पर तिरंगे आकर्षण का केंद्र रहे।