बेसिक शिक्षा विभाग के प्रमुख सचिव आरपी सिंह ने वीडियो कांफ्रेंस के जरिये जनपद में चल रही शिक्षकों के समायोजन प्रक्रिया को लेकर चर्चा की। जिलाधिकारी ने सुझाव रखा कि गणित और विज्ञान विषय के अध्यापकों का समायोजन छात्र संख्या के आधार पर नहीं होना चाहिए।
शुक्रवार को वीडियो कांफ्रेंस के दौरान शामली कलक्ट्रेट में डीएम इंद्र विक्रम सिंह और जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी चंद्रशेखर की प्रमुख सचिव आरपी सिंह से वार्ता हुई। डीएम ने सुझाव रखा कि शिक्षा व्यवस्था सुधार के लिए हर स्कूल मेें विज्ञान, गणित और सामान्य विषय का एक-एक शिक्षक होना चाहिए। छात्र संख्या के आधार पर गणित और विज्ञान विषय के शिक्षकों का समायोजन नहीं होना चाहिए, क्योंकि उससे गणित एवं विज्ञान विषय के शिक्षण पर प्रभाव पड़ेगा। शिक्षकों के समायोजन की प्रक्रिया 18 जुलाई तक पूरी होनी है। उन्होंने सुझाव रखा कि विषयानुसार शिक्षकों का समायोजन कराया जाए। प्रमुख सचिव ने समायोजन संबंधी शासनादेश में बदलाव कराने का आश्वासन दिया है। उधर, बनत स्थित बीएसए कार्यालय पर उत्तर प्रदेश जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ की बैठक हुई, जिसमें समायोजन को लेकर बदलाव के आश्वासन पर खुशी जताई गई। इस दौरान ऊन ब्लाक के पूर्व अध्यक्ष अनिल कुमार वर्मा, सुबोध शर्मा, महावीर, प्रमोद शर्मा, अश्वनी, वीरेंद्र, संजीव कुमार, गौरव, अंकित आदि मौजूद रहे।
सरप्लस सूची और समायोजन में मांगी आपत्ति
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी चंद्रशेखर ने बताया कि 18 जुलाई को उनके कार्यालय पर सरप्लस महिला एवं दिव्यांग पुरुष अध्यापकों के समायोजन के लिए विद्यालय आवंटन के विकल्प पत्र भरे जाएंगे। सरप्लस सूची अथवा समायोजन के संबंध में किसी भी प्रकार की आपत्ति शनिवार की शाम पांच बजे तक बीएसए कार्यालय पर जमा कराई जा सकती हैं।