शामली। प्रजापिता ब्रह्मा कुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय की ओर से महाशिवरात्रि के उपलक्ष्य में 82वां त्रिमूर्ति भगवान शिव जयंती समारोह मनाया गया। इस दौरान महिलाओं ने कलश के साथ शोभायात्रा भी निकाली।
रविवार को बुढ़ाना रोड स्थित प्रजापिता ब्रह्मा कुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय के केंद्र की ओर से महाशिवरात्रि के उपलक्ष्य में सैकड़ों महिलाएं सिर पर कलश रखकर यात्रा निकाली। जो बुढ़ाना रोड, अजंता चौक, फव्वारा चौक, कबाड़ी बाजार, अजुध्या चौक से बड़ा बाजार, शिवचौक, धीमानपुरा, भिककी मोड़ से होते हुए माजरा रोड, भैंसवाल अड्डे से टंकी रोड पर माता वैष्णो देवी मंदिर में स्थित लक्ष्मी मैरिज होम में समारोह स्थल पर पहुंची। जगह-जगह कलश शोभायात्रा का दुकानदारों ने फूल बरसाकर स्वागत किया गया। जयंती समारोह में गन्ना विकास राज्यमंत्री सुुुरेश राणा की धर्मपत्नी नीता राणा, पूर्व विधायक राजेश्वर बंसल, शामली नगर पालिका परिषद की चेयरमैन अंजना बंसल, गंगा अमृत हास्पिटल के चेयरमैन डॉ. सुनील पंवार ने महा शिवरात्रि पर शुभकामनाएं दी। मौके पर माउंट आबू से आए ब्रह्मा कुमार दिनेश कुमार ने बतौर मुख्य वक्ता के रूप में बताया कि मनुष्य को जीवन में सच्चा सुख शांति कैसे मिले। मनुष्य को जीने की कला की जानकारी दी।
केंद्र की संचालिका राज बहन, रमा कुमारी ने महाशिवरात्रि के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि शिव परमापिता व शंकर देवता हैं। महाशिवरात्रि अज्ञानता के अंधेरे को दूर करती है। महाशिवरात्रि पर भगवान शिव को मन- वचन, क्रम से क्रोध व सभी बुुुुराइयों-विकारों को मनुष्य को छोड़ने का संकल्प करना होगा। भगवान शिव के ज्योति लिंग पर जलाभिषेक करना ज्ञान का अमृत प्राप्त करके व जागरण के माध्यम से दिव्य ज्ञान की ज्योति प्रज्वलित करना है। पानीपत केंद्र से आए ब्रजभूषण मौजूद रहे। छात्राओं ने सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए। ब्रह्मा कुमारी सुरभि ने मंच का संचालन किया।