शामली। घरेलू एलपीजी के नए नियमों में ग्रामीण क्षेत्र में सिलिंडर की डिलीवरी के 45 दिन बाद ही दोबारा बुकिंग करा सकते हैं। इसके बाद सिलिंडर मिलने में औसतन छह से आठ दिन का समय लग जाता है। ऐसे में एक रिफिल चक्र करीब 50 से 52 दिन का हो रहा है। बड़े परिवारों में समय से पहले ही सिलिंडर खत्म होने के बाद मजबूरी में महिलाओं को चूल्हा जलाना पड़ रहा है। जिस कारण उन्हें परेशानी हो रही है। महिलाओं ने गैस बुकिंग और डिलीवरी में पुरानी व्यवस्था लागू करने की मांग की है।
- गैस रोजमर्रा की जरूरत है। बुकिंग पर इतनी लंबी रोक रहने से रसोई व्यवस्था प्रभावित हो रही है। मजबूरी में उन्हें घरों में चूल्हा जलाना पड़ रहा है। -रेनू, झाल
- गांव में एक सिलिंडर खत्म होने के बाद दूसरा पाने में डेढ़ से दो महीने का समय लग रहा है। समय पर गैस नहीं मिलने पर के कारण परेशानी हो रही है। -अंशु, बरलाजट
-गैस की बुकिंग और डिलीवरी में पुरानी व्यवस्था जल्द ही लागू होनी चाहिए। परिवार बड़ा है। 20-25 दिन में ही सिलिंडर खत्म हो जाता है। नया सिलिंडर आने तक चूल्हा झोंकना पड़ता है। इंद्रेश, बरलाजट।
- सरकार ने चूल्हे के धुंए से मुक्ति के लिए रसोई गैस के प्रति जागरूक किया था लेकिन अब नियम ऐसे बना दिए कि मजबूरी में चूल्हा ही जलाना पड़ रहा है -सीमा, कुड़ाना।
कंपनियों की तरफ से गैस वितरण के लिए ऑनलाइन व्यवस्था नियमानुसार की गई है। उसी हिसाब से बुकिंग कर उपभोक्ता लाभ उठा रहे हैं। जिले में गैस सिलिंडर की कोई दिक्कत नहीं है। नियम के खिलाफ डिलीवरी की शिकायत पर एजेंसियों पर जांच कर कार्रवाई की जाएगी। - अंकुर यादव, जिला पूर्ति अधिकारी