शामली। कांधला से अगवा छात्रा की बरामदगी का मामला गरमाता जा रहा है। भाजपा, कांग्रेस और हिंदू संगठनों ने पुलिस के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। पुलिस पर तानाशाही करने का आरोप लग रहा है। चेतावनी दी गई है कि यदि शीघ्र ही छात्रा को बरामद कर आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हुई, तो आंदोलन होगा। इस सिलसिले में 25 दिसंबर को कांधला में महापंचायत भी बुलाई गई है।
कस्बा कांधला से 20 दिन पूर्व दूसरे समुदाय का व्यक्ति छात्रा को बहला-फुसलाकर ले गया। मामले में आरोपी के खिलाफ कांधला थाने पर रिपोर्ट दर्ज कराई गई, मगर पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया और न ही छात्रा का पता लगा। दो दिन पूर्व कांधला थाने पर लोगों ने प्रदर्शन किया था, जिसके बाद पुलिस ने 12 लोगों को नामजद और 80 अज्ञात लोगों के खिलाफ संगीन धाराओं में केस दर्ज कर लिया। इस कारण लोगों में और गुस्सा भड़का हुआ है।
रविवार को शामली नगर पालिका सभागार में हुई बैठक में भाजपा के जिला पंचायत सदस्य अनिल चौहान, भाजपा नेता हरबीर मलिक, पवन तरार, विहिप जिलाध्यक्ष डाक्टर सुभाष मलिक, नरेश सैनी, भाकियू नेता कुलदीप पंवार, बाबूराम सैनी, कांग्रेस नेता दीपक सैनी, संजीव मलिक सहित अन्य लोगों ने कहा कि पुलिस तानाशाही कर रही है। सपा सरकार एक समुदाय के लिए ही काम कर रही है, जिस कारण निर्दोष लोगों पर फर्जी केस दर्ज किए जा रहे हैं।
कांधला। छात्रा की बरामदगी की मांग को लेकर थाने गए लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज होने पर चेतावनी दी है कि यदि तीन दिन में फर्जी केस खारिज नहीं किया, तो बड़ा आंदोलन किया जाएगा। रविवार को पूर्वी यमुना नहर पटरी स्थित मनकामेश्वर मंदिर में विश्व हिंदू परिषद, बजरंग दल और दुर्गावाहिनी की बैठक हुई, जिसकी अध्यक्षता कर रहे विहिप के ब्लाक अध्यक्ष रविचंद ने कहा कि पुलिस प्रशासन की मनमानी और उत्पीड़नात्मक कार्रवाई से माहौल बिगाड़ने की साजिश की जा रही है।
वहीं, थाने पर शांतिपूर्वक अपनी बात कहने गए लोगों के खिलाफ झूठा मुकदमा दर्ज कर लिया। इस दौरान कविता, कालू सुन्ना, सोमपाल भनेड़ा, कुलदीप, मदन मखमूलपुर, जोगेंद्र कश्यप, विकास शर्मा, शोकेंद्र पाल, मनोज सरनावली, सुनील, राजेंद्र आचार्य, नरेश सैनी , सुभाष मलिक आदि लोग मौजूद रहे। उधर, उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल के नगराध्यक्ष ईश्वर दयाल कंसल ने कहा कि पुलिस ने छात्रा की बरामदगी की मांग करने थाने पर गए लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करना निंदनीय है। इस मामले में कार्रवाई की तो व्यापारी आंदोलन करेंगे।