500 रुपये प्रति कुंतल घोषित हो गन्ना मूल्य
शामली। गन्ना सुरक्षण की बैठक में नया पेराई सत्र चालू करने से पूर्व किसानों का बकाया भुगतान कराए जाने, पांच सौ रुपये गन्ना मूल्य घोषित किए जाने का मुद्दा उठाया गया। किसानों ने जिले की चीनी मिलों को पहले गन्ने का आवंटन करने फिर दूसरे चीनी मिलों का आंवटन किए जाने की मांग रखी।
मंगलवार को लखनऊ में आयोजित गन्ना सुरक्षण की बैठक में शामिल हुए जिला गन्ना अधिकारी डॉक्टर अनिल भारती ने बताया कि जिले के किसानों ने जिले का गन्ना पहले जिले की शामली, थानाभवन, ऊन चीनी मिलों को आवंटित किए जाने और नए पेराई सत्र चालू होने से पूर्व किसानों का पिछला बकाया भुगतान कराए जाने की मांग रखी है। नए पेराई सत्र चालू होने से पूर्व 500 रुपये प्रति कुंतल गन्ना मूल्य घोषित किए जाने की मांग की भी रखी गई। भाकियू के प्रदेश प्रवक्ता कुलदीप पंवार ने सरकार के चीनी आयात के निर्णय का विरोध किया है।
गन्ना परिषद के पूर्व चेयरमैन राजवीर सिंह ने बताया कि गन्ना समितियों और परिषद की ओर से गन्ना खरीद केंद्रों को स्वीकार किए जाने की मांग रखी है। उन्होंने बताया कि जिले की गन्ना मिल मालिकों ने शामली चीनी मिल को 16 अक्तूबर से चलाए जाने, थानाभवन और ऊन मिल को अक्तूबर के अंतिम सप्ताह में शुरू किए जाने का आश्वासन दिया है।
बैठक में गन्ना विकास परिषद के चेयरमेन वीर सिंह मलिक, गन्ना समिति की चेयरमैन कमलेश मलिक के पति विनोद मलिक, गन्ना विकास परिषद के पूर्व चेयरमैन राजवीर सिंह, डायरेक्टर लवली मलिक, मनोज पंवार, ऊन से कटार सिंह, वेदपाल चिकारा, दिनेश गोयल, थानाभवन गन्ना समिति के चेयरमैन अशोक कुमार खेड़ा, जिला गन्ना अधिकारी डॉक्टर अनिल भारती, मुुजफ्फरनगर के जिला गन्ना अधिकारी ओमप्रकाश यादव, सहारनपुर के जिला गन्ना अधिकारी आरडी द्विवेेदी, उपगन्ना आयुक्त जनेश्वर मिश्रा आदि मौजूद रहे।