शाहजहांपुर। रक्तदान जैसी पुनीत कार्य में डायबिटीज मरीज व कोरोना का टीका लगवाने वाले भी अपना योगदान दे सकेंगे। विशेषज्ञों की मानें तो जिनकी डायबिटीज कंट्रोल में है, साथ ही इंसुलिन नहीं लेने वाले भी रक्तदान कर सकते हैं। इसके अलावा कोविड-19 से बचाव के लिए लगाई गई वैक्सीन के 14 दिन के बाद रक्तदान कर सकते हैं। रक्तदान की भ्रांतियों को लेकर स्वास्थ्य मंत्रालय ने गाइड लाइन जारी की है।
कोरोना की तीसरी लहर थम चुकी है। चौथी संभावित लहर को देखते हुए टीकाकरण का अभियान तेजी से चल रहा है। लोगों में कोरोना संक्रमण को लेकर कई तरह की भ्रांतियां हैं। ब्लड बैंक के प्रभारी डॉ. शबाहत हुसैन बताते हैं कि कोविड की निगेटिव रिपोर्ट और वैक्सीन लगवाने के 14 दिन के बाद कोई भी स्वस्थ व्यक्ति रक्तदान कर सकता है। उन्होंने बताया कि ब्लड बैंक में आने वाले डायबिटीज मरीज रक्तदान नहीं कर पाते हैं। यदि इंसुलिन का प्रयोग नहीं करते हैं तो रक्तदान कर सकते हैं। इसके अलावा कंट्रोल डायबिटीज के मरीज भी रक्तदान कर सकते हैं।
स्वास्थ्य मंत्रालय ने जारी की एडवायजरी
ब्लड बैंक के प्रभारी डॉ. शबाहत हुसैन ने बताया कि कोरोना का टीका लगवाने की वजह से कुछ लोगों की तबियत बिगड़ने की आशंका के बाद स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने दिशा-निर्देश जारी किए हैं। टीका लगने के 14 दिन के बाद रक्तदान किया जा सकता है।
17 साल की उम्र से शुरू किया रक्तदान, कई बार परिजन से छिपाकर किया
शाहजहांपुर। चौक निवासी पदम हस्त दिवाकर की बेटी अनुज्ञा मिश्रा एक तरफ बेटियों की सुरक्षा और संरक्षा के लिए शक्ति परी बनकर काम कर रही हैं। वहीं दूसरी तरफ उन्होंने अभी तक कई बार रक्तदान देकर लोगों की जिंदगी बचाने का काम किया। 18 साल की उम्र से ही उन्होंने रक्तदान शुरू कर दिया था। कई बार कैंप में तो कुछ मर्तबा परिजन से छिपाकर रक्तदान कर जरूरतमंदों की जान बचाई। जीएफ कॉलेज की छात्रा अनुज्ञा बताती हैं कि रक्तदान के बारे में लोगों से सुनते थे। कॉलेज समय में पॉकेट मनी मिलती थी। उसमें किसी की मदद नहीं कर सकते थे। इसलिए रक्तदान कर दूसरों की मदद की। कई बार रक्तदान करने पर परिजन से डांट पड़ती थी। इसलिए उनसे छिपाकर भी रक्तदान कर कई लोगों की जिंदगी की बचाने का काम किया।
कल अमर उजाला लगाएगा शिविर
विश्व रक्तदाता दिवस के अवसर पर 14 जून को सुबह दस बजे से अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से राजकीय मेडिकल कॉलेज में रक्तदान शिविर का आयोजन किया जाएगा। शिविर में लोग रक्तदान कर दूसरों की जान बचाने में अपना योगदान दे सकते हैं।