आरसी मिशन के परमाली गांव में मौजूद पुलिस। स्रोत: जागरूक पाठक
- फोटो : साईंपुर गांव के पास माइनर कटने से खेतों में भरा पानी।
भावलखेड़ा। परमाली गांव की राजबेटी की मौत के मामले में कठोर कार्रवाई के आश्वासन पर चौथे दिन परिजनों ने उनके शव का अंतिम संस्कार कर दिया। इस दौरान बड़ी संख्या में पुलिस बल गांव में मौजूद रहा। इस मामले में सोमवार को पुलिस ने तीन आरोपियों को दबोचकर जेल भेज दिया था।
30 नवंबर को बेटे जसवीर के साथ हो रही मारपीट को देख उसे बचाने आईं राजबेटी के सिर पर हमलावरों ने डंडा मार दिया था। इससे वह गंभीर रूप से घायल हो गईं थीं। पुलिस ने गांव के सौरभ, अनूप, प्रमोद व इंद्रजीत के खिलाफ मारपीट की रिपोर्ट दर्ज कर ली थी। 20 दिसंबर को उपचार के दौरान राजबेटी की मौत हो गई। परिजनों ने पोस्टमॉर्टम के बाद राजबेटी के शव का अंतिम संस्कार करने से मना कर दिया।
पति रामविलास का कहना था कि गैरइरादतन हत्या की धारा में तरमीम की गई रिपोर्ट को हत्या की धारा में तरमीम किया जाए। सोमवार को पुलिस ने आरोपी सौरभ वर्मा, अनुज उर्फ अनूप तथा इंद्रजीत को गिरफ्तार कर चालान कर दिया। इसके बाद भी परिजनों ने अंतिम संस्कार नहीं किया। मंगलवार को आरोपियों पर कठोर कार्रवाई का आश्वासन पर परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार कर दिया। एसपी राजेश द्विवेदी ने बताया कि शेष आरोपी जल्द गिरफ्तार किए जाएंगे।