टैक्स चोरी कर जा रही तीन ट्रक लकड़ी एसडीएम ने पकड़ी
चोरी कर बिहार ले जाई जा रही तीन ट्रक लकड़ी एसडीएम सदर ने पकड़ी है। पकड़ी गई लकड़ी का वजन करीब नौ सौ क्विंटल बताया गया है। इस पर सेल्स टैक्स विभाग का एक लाख रुपये एवं राजस्व विभाग की ओर से 67 हजार 580 रुपये का जुर्माना लगाया गया। जुर्माना अदा करने पर सोमवार शाम को तीनों ट्रकों को छोड़ दिया गया है। शनिवार की रात सूचना के आधार पर एसडीएम सदर आदित्य प्रकाश श्रीवास्तव ने रोजा थाना क्षेत्र के हथौड़ा चौराहे के समीप शीशम, सागौन व लिप्टस की लकड़ी से भरे तीन ट्रक पकड़े थे, जिनका गेटपास रामपुर का कटा हुआ था। ट्रक के चालक वाहिद और मैसाद अली ने एसडीएम को बताया कि यह लकड़ी रामपुर से अररिया बिहार को भेजी जा रही है। इसका गेटपास भी कटा हुआ था, लेकिन कड़ाई से पूछताछ करने पर चालकों ने बताया कि यह लकड़ी निगोही क्षेत्र से लोड की गई थी। एसडीएम ने टैक्स चोरी का मामला मानते हुए तीनों ट्रकों को रोजा मंडी सचिव संजय सिंह के सुपुर्द कर दिया। संजय सिह ने बताया कि चालक वाहिद और मुन्ने अली निवासी निगोही ने जुर्माना व टैक्स के रूप में 22 हजार 275 रुपये प्रति ट्रक के हिसाब से 44550 रुपये चालक मैसाद अली निवासी निगोही ने 23030 रुपये के जुर्माना अदा करने पर ट्रकों को चालकों सहित छोड़ दिया गया है।
खपाने के लिए होती है मंडी के प्रपत्राें की खरीद
कालाबाजारी के माल को खरीदने के लिए 50 रुपये प्रति क्विंटल की दर से मंडी के प्रपत्र 6आर 7आर और 9आर की खरीद फरोख्त का कारोबार धड़ल्ले से चल रहा है। मंडी में कुछ फर्में ऐसी हैं जिनका कारोबार सिर्फ कागजो पर ही होता है। सीजन में बिना टैक्स के एकत्रित किए गेहूं, धान, लकड़ी की खरीद के लिए डमी पड़ी फर्मों के कागजों को खरीदा जाता है। शनिवार को पकड़ी गई लकड़ी से साफ हो गया है कि लकड़ी को निगोही से भरा गया और कागज रामपुर की एक फर्म से खरीदे गए हैं। पूरे मामले का मजेदार तथ्य यह भी है कि पूरे खेल में व्यापारी का कहीं नाम तक नहीं आया क्योंकि मंडी से जो जुर्माने की रसीद काटी गई है उसमे सिर्फ चालकों के नाम ही अंकित हैं।
मिलीभगत से हर रोज सरकार को लगती है हजारों की चपत
निगोही का क्षेत्र लकड़ी के कारोबारियों का अड्डा बना हुआ है। यहां कई ट्रक लकड़ी टैक्स चोरी कर ले जाई जाती है प्रतिस्पर्धा की दौड़ में किसी ने एसडीएम सदर को पुख्ता जानकारी देकर ट्रक पकड़वाए थे, लेकिन लाख टके का सवाल यह है कि मंडी का सचल दल आखिर टैक्स चोरी के मामलों को पकड़ क्यों नहीं पाता कुछ ऐसे संकेत मिले हैं कि मंडी के कर्मियों की मिली भगत से टैक्स चोरों का कारोबार परवान चढ़ा हुआ है लकड़ी ही नहीं रोजा मंडी में गेहूं के कारोबार का भी यही हाल है। एक गेटपास पर कई ट्रकों की निकासी कर हर रोज सरकार को हजारों रुपये का चूना लगाया जा रहा है।