त्रिस्तरीय पंचायत निर्वाचन के तहत जिन उम्मीदवारों ने चौथे चरण के चुनाव
के लिए पिछले दिनों नामांकन कराया, उनके नाम निर्देशन पत्रों की जांच का
काम बुधवार से शुरू हो गया। कलक्ट्रेट के आरओ कक्ष में एडीएम वित्त एवं
राजस्व पीके श्रीवास्तव ने अपनी उपस्थिति में जिला पंचायत के नामांकन
पत्रों की जांच कराई। उधर, जलालाबाद, मिर्जापुर और कलान ब्लॉक कार्यालयों
में बीडीसी प्रत्याशियों के उम्मीदवारी के पर्चों की जांच की गई।
चुनाव
के अंतिम चरण में जलालाबाद, मिर्जापुर और कलान विकास खंड से संबंधित गांवों
में जिला पंचायत सदस्य के नौ और बीडीसी सदस्य पद के 251 स्थानों के लिए 29
अक्तूबर को मतदान होना है। इन सीटों के लिए बीते शुक्रवार और शनिवार को
नामांकन प्रक्रिया पूरी कराई थी। पहले दिन जिला पंचायत वार्डों के लिए 142
और बीडीसी के 1181 पर्चे दाखिल हुए थे। इसी कड़ी में दूसरे दिन आरओ को
दोनों श्रेणियों में क्रमश: 58 और 410 नामांकन पत्र प्राप्त कराए गए।
चूंकि,
जिला पंचायत के लिए नामांकन पत्र कलक्ट्रेट के आरओ कक्ष में जमा हुए,
इसलिए उनकी जांच भी वहीं की गई। प्रत्याशियों को बारी-बारी आरओ ने अपने
सामने बुलाकर उनके नाम निर्देशन पत्र जमा किए और उनकी खामियां भी बताईं।
हालांकि, पर्चे खारिज होने की अधिकृत सूचना बृहस्पतिवार को जांच का काम
पूरा होने के बाद की जाएगी। एडीएम श्रीवास्तव ने बताया कि 90 प्रतिशत से
अधिक नामांकन पत्रों की जांच का काम पूरा हो चुका है। उन्होंने बताया कि
शुक्रवार को अपरान्ह तीन बजे तक नामांकन पत्र वापस लिए जा सकेंगे और इसके
तुरंत बाद प्रत्याशियों को चुनाव चिन्ह आवंटित कर दिए जाएंगे।
मतदान की खामियां दूर कराने में जुटें अधिकारी
शाहजहांपुर।
पंचायत चुनाव की आगामी दो चरणों में होने वाली मतदान प्रक्रिया को
व्यवस्थित रूप देने के लिए डीएम शुभ्रा सक्सेना ने बुधवार को विकास भवन
सभागार में निर्वाचन से संबंधित व्यवस्थाओं के लिए नामित नोडल अफसरों के
साथ बैठक की। इस मौके पर उन्होंने निर्देश दिए कि पहले और दूसरे चरण के
मतदान में जो भी खामियां सामने आई हैं, उन्हें दूर करने में अभी से जुट
जाएं।
डीएम ने कहा कि नोडल अधिकारी मतदान से एक दिन पहले यह भी
सुनिश्चित कर लें कि जिस क्षेत्र के लिए रवाना हो, वह समय से अपनी मंजिल पर
जरूर पहुंच जाए। इसके लिए आवश्यक है कि मतदान पार्टियों को बैलेट पेपर और
मतदान सामग्री समय से प्राप्त हो जाए। यह भी देखें कि वहां छाया, पेयजल,
पार्किंग, प्रकाश आदि की उचित व्यवस्था हो। जहां पर दोहरे वार्डों के लिए
मतदान होना है, वहां के पीठासीन अधिकारियों को विशेष प्रशिक्षण दिलाएं।
डीएम
ने कहा कि नोडल अधिकारी इस बात का विशेष ध्यान रहें कि पोलिंग पार्टी में
शामिल अधिकारियों और कर्मचारियों को किसी तरह की कठिनाई नहीं होने पाए।
उन्होंने संवेदनशील, अति संवेदनशील और अति संवेदनशील प्लस के श्रेणी के
बूथों पर मतदान के दौरान विशेष रूप से सजगता बरते जाने के निर्देश दिए।
बैठक में सीडीओ एवं उप जिला निर्वाचन अधिारी पुलकित खरे ने निर्वाचन से
संबंधित यातायात, मतपेटी, इ्रंधन, स्टेशनरी, वीडियोग्राफी, बिजली आदि
व्यवस्थाओं की समीक्षा की।