खेड़ा गांव की नई कॉलोनी में श्रीमद्भागवत कथा सुनाते कथाव्यास पं. ओमप्रकाश त्रिवेदी। संवाद
कुर्रियाकलां। खेड़ा गांव की नई कॉलोनी में चल रही श्रीमद्भागवत कथा में शनिवार को कथाव्यास पंडित ओमप्रकाश त्रिवेदी ने श्रद्धालुओं को गोवर्धन पूजा का प्रसंग सुनाया।
उन्होंने कहा कि एक बार ब्रज में इंद्र देव की पूजा की तैयारी होते देख भगवान श्रीकृष्ण को माता यशोदा ने पूछने पर बताया कि इंद्र देव की कृपा से बारिश होने पर अनाज और गायों के लिए चारा मिलता है। भगवान श्रीकृष्ण ने तर्क दिया कि हमें गोवर्धन पर्वत की पूजा करनी चाहिए क्योंकि गिरिराज से गायों को चारा और गोकुल को फल-फूल मिलते हैं।
इंद्रदेव ने मूसलाधार बारिश शुरू कर दी। तब ब्रज वासियों की रक्षा के लिए भगवान श्रीकृष्ण ने गोवर्धन पर्वत को अपनी छोटी उंगली पर उठाकर और उसके नीचे सभी को शरण देकर इंद्र का अभिमान चूर कर दिया। कथा श्रवण में संजय मिश्रा, शोभित मिश्र, रामगोपाल, मदनगोपाल, विष्णु दयाल आदि मौजूद रहे। संवाद
बाला जी नगर में हुआ सुंदरकांड का सामूहिक पाठ
शाहजहांपुर। राजकीय मेडिकल कॉलेज के पीछे बालाजी नगर में शनिवार को बाला जी संकीर्तन मंडल की ओर से बाला जी का दरबार सजाकर पंडित कृष्ण गोपाल ने हवन-पूजन कराया। बाद में श्रीरामचरितमानस के सुंदरकांड का संगीतमय सामूहिक पाठ किया गया। अंत में आयोजक रामप्रकाश अवस्थी ने पत्नी कुंती देवी के साथ बाला जी की आरती कर प्रसाद बांटा। पाठ के उपरांत आयोजित भंडारे में लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया। व्यवस्था में अमित अवस्थी, आनंद कुमार, विशाल, प्रखर, उत्कर्ष आदि का सहयोग रहा। संवाद