गांव गेहुंआ के पास खेतों में निरीक्षण करते डीएफओ। स्रोत : वनकर्मी
खुटार। गांव गेहुंआ में 25 अगस्त को बाघ के गाय का शिकार करने के मामले में डीएफओ सचिन कुमार ने मौका मुआयना किया। गांव के लोगों से जानकारी ली।
गेहुंआ के मुकेश मिश्रा का गांव से कुछ दूर खेत है। 25 अगस्त की रात उनके खेत के पास बाघ ने छुट्टा गाय को मार डाला था और शव गन्ने के खेत में खींच ले गया था। सुबह गांव के लोग काम करने गए तो गाय का अधखाया शव पड़ा देख वनकर्मियों को सूचना दी। वन दरोगा रोहित पांडे ने टीम के साथ मौके पर पहुंचकर पैरों के निशान ट्रेस किए। वनकर्मी गांव के लोगों को सतर्क रहने की सलाह देकर मौके से चले गए। इससे किसानों में रोष था।
डीएफओ सचिन कुमार ने मौके पर पहुंचकर गन्ने के खेत का निरीक्षण किया। उन्होंने वनकर्मियों और गांव के लोगों से घटना के बारे में जानकारी ली। डीएफओ ने वनकर्मियों को निर्देश दिए हैं कि गेहुंआ और आसपास के गांवों में निगाह रखी जाए, बाघ या तेंदुआ होने की सूचना मिलने पर तत्काल मौके पर पहुंचकर जांच करें।
उन्होंने गांव के लोगों से भी सतर्कता बरतने की अपील की। किसानों ने बाघ को जंगल की ओर खदेड़े जाने की मांग की।