ट्रेन में सफर के दौरान रेलवे स्टेशन पर मिनरल वाटर खरीदते समय सतर्क रहें। वहां एक वेंडर से खरीदी गई मिनरल वाटर की बोतल में कीड़े तैरते पाए जाने की शिकायत मिली। इस पर एडीएम (वित्त एवं राजस्व) पीके श्रीवास्तव के निर्देश पर खाद्य सुरक्षा अधिकारी ने मोहम्मदी रोड स्थित मिनरल वाटर की फैक्ट्री पर छापा मारकर वहां से पानी की पैक बोतल का नमूना सील किया।
वकील मनोज गुप्ता शुक्रवार को किसी काम से हरदोई गए थे। चलते वक्त उन्होंने एक स्टॉल से 20 रुपये में पानी की बोतल खरीदी। ट्रेन में बैठकर गला तर करने के लिए उन्होंने बोतल खोली तो उसमें कीड़े नजर आए। हरदोई से लौटकर मनोज ने सोमवार को कलक्ट्रेट जाकर एडीएम श्रीवास्तव से मुलाकात की। उन्हें पानी की बोतल में तैरते कीड़े दिखाए और निर्माता कंपनी के खिलाफ लिखित शिकायत दी।
मनोज का कहना था कि स्टेशन पर संबंधित वेंडर और मिनरल वाटर निर्माता कंपनी के लोगों से शिकायत करने पर उन्होंने सीधे मुंह बात करने के बजाय धमकाना शुरू कर दिया। मामले को गंभीरता से लेते हुए एडीएम ने मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी डीपी सिंह को अपने चैंबर में बुलाकर पानी की जांच कराने के निर्देश दिए। इसके अनुपालन में खाद्य सुरक्षा अधिकारी युगल किशोर ने मोहम्मदी रोड पर करौंदा हार गांव के पास स्थित श्रीराम खन्ना एक्वा प्रॉडक्ट्स से पानी का नमूना लिया, क्योंकि कीड़े वाली बोतल का पानी इसी फैक्ट्री में निर्मित हुआ था।
स्टेशन पर बिकता है दूषित पानी
रेलवे स्टेशन पर तमाम वेंडर दूषित पानी को पॉलीथिन में भरकर बेचते हैं। वहीं स्टेशन के वाटर बूथों पर पानी न मिलने की वजह से रेल यात्रियों को दूषित पानी खरीदने को मजबूर होना पड़ता है। वेंडर खाली बोतलों में सादा पानी भरकर मिनरल वॉटर बताते हुए बिक्री करते हैं। साथ ही नॉन ब्रांडेड वाटर की बिक्री भी स्टेशन पर धड़ल्ले होती है। इसे रोकने के लिए स्वास्थ्य विभाग की टीम की ओर से खास प्रयास नहीं किए जा रहे हैं।
रेलवे के अधिकारी समझें मामले की गंभीरता
रेलवे स्टेशन पर बिकने वाली खान-पान की चीजों में अशुद्धता जांचना खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकार क्षेत्र में नहीं आता। इसीलिए वकील मनोज गुप्ता द्वारा उपलब्ध कराई गई बोतल से पानी का नमूना लेने के बजाय पानी की मैन्युफैक्चरिंग करने वाली फैक्ट्री से नमूना सील किया गया।
- डीपी सिंह, मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी
पानी की बोतल में कीड़े निकलने की शिकायत किसी भी यात्री ने मुझसेे नहीं की है और न ही मेरी जानकारी में ऐसा कोई मामला आया है। - त्रिलोकचंद, मुख्य स्वास्थ्य अधिकारी, रेलवे स्टेशन