शाहजहांपुर। जलालाबाद में संपत्ति के लालच में बेटे-बहू ने रिश्तेदारों की मदद से रविवार रात सोते समय बुजुर्ग मां के ऊपर मिट्टी का तेल डालकर आग लगा दी, जिससे वह बुरी तरह झुलस गईं। जिला अस्पताल में इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। उनके छोटे बेटे ने अपने बड़े भाई और भाभी समेत चार लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
सनसनीखेज वारदात जलालाबाद कस्बे के मोहल्ला नौसारा में हुई। वहां की रत्ना गुप्ता (65) के पति की मौत हो चुकी है। उनके दो बेटे आकाश और किशन हैं। आकाश की पहली शादी जलालाबाद में हुई थी, लेकिन विवाद के चलते उसकी पत्नी मायके चली गई, जिसके बाद से वहीं रह रही है। आकाश ने दूसरी शादी अपनी मर्जी से दीप शिखा से की थी। उसकी हरकतों से रत्ना गुप्ता बेहद परेशान थीं। आरोप है कि आकाश मां पर मकान बेचकर अपने हिस्से की रकम देने के लिए दबाव बना रहा था। मगर रत्ना गुप्ता इसके लिए तैयार नहीं थीं। इसको लेकर रविवार को रिश्तेदारों की पंचायत भी हुई थी, जिसमें दीप शिखा के मायके वाले भी शामिल थे। पंचायत के दौरान तय हुआ था कि एक सप्ताह में आकाश पत्नी समेत अपनी ससुराल चला जाएगा। आकाश व दीप शिखा ने रिश्तेदारों के सामने तो हामी भर दी, लेकिन आकाश और उसकी पत्नी मन से जाने को तैयार नहीं थे। उन्होंने मकान की खातिर मां को ठिकाने लगाने की सोच ली।
रत्ना गुप्ता के छोटे बेटे किशन के मुताबिक एक बार पहले आकाश उसे गले में फंदा डालकर जान से मारने की कोशिश कर चुका था। इसलिए वह अपनी चाची के घर सोने चला गया। रविवार रात में करीब तीन बजे उसे जलने की सूचना मिली। किशन ने बताया कि वह घर पहुंचा तो छत पर बने कमरे में उसकी मां बुरी तरह झुलसी हालत में पड़ी थीं। किशन का आरोप है कि उसके बड़े भाई आकाश, उसकी पत्नी दीपशिखा, आकाश के ससुर अच्छेलाल और मैया ससुर विनोद कुमार ने सोते उसकी मां रत्ना गुप्ता के ऊपर मिट्टी का तेल डालकर आग लगा दी, जिससे वह गंभीर रूप से झुलस गईं। किशन पड़ोसियों की मदद से मां जलालाबाद सीएचसी ले गया। वहां हालत नाजुक देखकर जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। वहां इलाज के दौरान रत्ना गुप्ता की मौत हो गई। किशन की ओर से दी गई तहरीर पर पुलिस ने आकाश, उसकी पत्नी दीपशिखा समेत चार लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है। जलालाबाद इंस्पेक्टर जसवीर सिंह ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर मामले की छानबीन की जा रही है।