शाहजहांपुर। देवोत्थान एकादशी इस बार 12 नवंबर को पड़ रही है। इसके साथ ही बैंड, बाजा और बरात का दौर शुरू हो जाएगा। इस बार नवंबर और दिसंबर में शादियों के कुल 17 शुभ मुहूर्त पड़ रहे हैं। इसको लेकर टेंट और मैरिज लॉन की बंपर बुकिंग से कारोबारी भी खुश हैं।
पं. अरुण कुमार शुक्ल ने बताया कि आषाढ़ शुक्ल पक्ष एकादशी यानि हरिशयनी एकादशी से सभी मांगलिक कार्यक्रम बंद चल रहे हैं। 12 नवंबर को देवोत्थान एकादशी से फिर इनकी शुरुआत हो रही है। मान्यता है कि इस दिन शादी जैसे मांगलिक कार्यक्रम बगैर किसी पूछताछ के हो सकते हैं। इसके बाद नवंबर में सात, दिसंबर में दस शुभ मुहूर्त हैं।
अगले वर्ष जनवरी में दस, फरवरी में सबसे ज्यादा 19 और मार्च में आठ शुभ मुहूर्त पड़ रहे हैं। इसके बाद 15 मार्च से मांगलिक कार्यक्रम फिर से बंद हो जाएंगे, जोकि 15 अप्रैल तक मीन की संक्रांति के कारण नहीं हो सकेंगे।
माह - शुभ मुहूर्त
नवंबर : 17, 18, 22, 23, 24, 25, 26
दिसंबर : 2, 3, 4, 5, 9, 10, 11, 13, 14, 15
जनवरी : 16, 17, 18, 19, 20, 21, 22, 23, 24, 26
फरवरी : 1, 2, 3, 6, 7, 8, 12, 13, 14, 15, 16, 17, 18, 20, 21, 22, 23, 24, 25
मार्च : 1, 2, 3, 6, 7, 12, 13, 14
देवोत्थान एकादशी पर ही जिले में 300 शादियां होने का अनुमान है। इसके लिए करीब 250 मैरिज लॉन व रिसॉर्ट बुक हैं। आगे के शुभ मुहूर्तों के लिए भी अच्छी खासी बुकिंग मिल रही है। - नाजिम खान, व्यापारी नेता व मैरिज लॉन संचालक
सहालग सीजन के लिए टेंट की खूब बुकिंग हो रही है। शहर में करीब 100 बड़े टेंट कारोबारी हैं, जिनके पास सभी तिथियों के लिए बुकिंग प्राप्त होनी शुरू हो गई है। टेंट में उपयोग होने वाली वस्तुओं के किराये में कोई बढ़ोतरी नहीं हुई हैं।
- विष्णु कुमार मेहरोत्रा, जिलाध्यक्ष, टेंट एसोसिएशन
सहालग पर कैटरिंग का चलन बढ़ा है। 12 नवंबर को सभी कैटर्स के पास काम आ गया है। इसके बाद के लिए भी आयोजकों ने बुकिंग शुरू कर दी है।
- सुनील यादव, कैटर्स