पुवायां थाने में पटे से पीटे जाने के बाद चोट के निशान दिखाता विनोद कुमार। संवाद
पुवायां। चोरी के आरोपी के सौतेले भाई को पुलिस ने थाने में पटों से पीटा। नाराज किसान नेता ने कार्रवाई को कहा तो इंस्पेक्टर ने आगे से इस तरह की घटना न होने की बात कहते हुए भाकियू कार्यकर्ताओं को शांत किया।
गांव सुनारा निवासी विनोद कुमार ने बताया कि उसके पिता ने सौतेले भाई को बेदखल कर रखा है। सौतेला भाई उन लोगों से अलग रहता है। उसके सौतेले भाई पर चार-पांच माह पूर्व चोरी का आरोप लगा था, इसके बाद से उसका भाई गायब है। पुलिस कई बार उस पर भाई को पकड़वाने और थाने लाने का दबाव बना चुकी है। पुलिस ने उससे थाने आने को कहा था।
शनिवार को विनोद भाकियू अराजनैतिक के तहसील अध्यक्ष ब्रजेश पांडे के साथ थाने पहुंचा। आरोप है कि सिपाहियों ने उसे पटे से पीटा और धमकी दी कि सौतेले भाई को नहीं पकड़वाया तो विनोद को ही जेल भेज दिया जाएगा। ब्रजेश पांडे ने इस पर नाराजगी जताते हुए पदाधिकारियों को सूचना दी तो प्रदेश उपाध्यक्ष मंजीत सिंह धालीवाल, जिला प्रभारी रीता देवी, मंडल सचिव बागीश पांडे, मंडल संगठन मंत्री रजनीश पाल, मुकेश पांडेय, रमेश कुमार, फिरोज सहित कई कार्यकर्ताओं के साथ थाने पहुंचे।
तहसील अध्यक्ष के साथ होने के बाद भी निर्दोष विनोद को पीटे जाने पर रोष जाते हुए अधिकारियों को सूचना देकर कार्रवाई कराने की बात कही। इसके बाद थाना प्रभारी हरपाल सिंह बालियान ने कार्यकर्ताओं को शांत किया और आगे से इस तरह की घटना न होने देने की बात कही। आश्वासन पर किसान नेता और विनोद घर लौट गए। थाना प्रभारी ने बताया कि विनोद से मारपीट की बात निराधार है। सही जानकारी होने पर किसान नेता संतुष्ट होकर चले गए हैं।