शाहजहांपुर। विभिन्न संगठनों की ओर से जनहित की मांगों को लेकर सड़कों पर उतरने से सोमवार का दिन धरना प्रदर्शन के नाम रहा। सुबह से दोपहर बाद तक कलक्ट्रेट परिसर से लेकर खिरनीबाग के जीआईसी मैदान तक सरकार विरोधी नारे गूंजते रहे। प्रदर्शन में शामिल विभिन्न संगठनों के कार्यकर्ताओं ने अपनी मांगों पर सरकार के ध्यानाकर्षण को तरह-तरह के जतन किए और बाद में सिटी मजिस्ट्रेट राजेश कुमार को ज्ञापन सौंपे।
पेट्रोलियम मूल्य वृद्धि और महंगाई पर बरसे व्यापारी
पेट्रोलियम पदार्थों की मूल्य वृद्धि और उससे बढ़ रही महंगाई को लेकर अखिल भारतीय उद्योग व्यापार मंडल से जुड़े व्यापारियों ने नगर अध्यक्ष राजीव कुमार गुप्ता के नेतृत्व में कलक्ट्रेट में प्रदर्शन किया। बाद में उनका शिष्टमंडल जिलाध्यक्ष सतीश वर्मा सराफ के नेतृत्व में सिटी मजिस्ट्रेट से मिला। उन्हें केंद्रीय वित्त मंत्री के नाम दिए ज्ञापन में कहा है कि पेट्रोलियम उत्पादों को जीएसटी से जोड़ने पर उनकी दरें 20 से 25 प्रतिशत कम हो जाएगी। साथ ही जीएसटी के ई-वे बिल की एक दिवसीय सीमा 200 किमी से घटाकर 100 किमी नियत करने की मांग की गई है। प्रदर्शन में रवि सिंह, अनुपम कनौजिया, संदीप वर्मा, सईद खां, अरुण कश्यप, अनिल वर्मा, सचिन रावत, डॉ. अजय सिंह, अन्नू गुप्ता, राजेंद्र देवल, संतोष सोनी आदि शामिल रहे।
गोवंश रक्षा को आगे आई विश्व हिंदू रक्षा सेना
आवारा गोवंश की रक्षा को विश्व हिंदू रक्षा सेना के कार्यकर्ता नारेबाजी करते हुए कलक्ट्रेट पहुंचे। जिलाध्यक्ष अंश दीक्षित के नेतृत्व में उन्होंने प्रदर्शन कर मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन दिया। बाद में सिटी मजिस्ट्रेट को बताया कि सेहरामऊ दक्षिणी क्षेत्र में बादशाहनगर-कहिलिया के बीच रेलवे क्रॉसिंग खुली होने के कारण वहां सात गोवंशीय पशु ट्रेन से कट गए। इन पशुओं की संगठन स्तर से अंत्येष्टि करा दी गई है, लेकिन भविष्य मेें ऐसी घटना रोकने के लिए आवारा गोवंश को गोशाला भिजवाने की व्यवस्था कराई जाए। ज्ञापन में बिना पंजीकरण के संचालित कोचिंग बंद कराने, केरूगंज बाजार में पथ प्रकाश, पेयजल, शौचालय आदि का प्रबंध कराने आदि मांगों का जिक्र है। प्रदर्शन में आयुष भारद्वाज, राहुल शुक्ला, कार्तिक सक्सेना, अनमोल पाठक, उपेंद्र शर्मा, उत्पल अवस्थी, लकी शर्मा, शिवा सक्सेना आदि शामिल रहे।
भाकिमयू ने उठाए किसानों के मुद्दे
भारतीय किसान मजदूर यूनियन (राष्ट्रवादी) के कार्यकर्ताओं ने किसान हित से जुड़े मुद्दों को लेकर लोक निर्माण विभाग के अतिथि गृह परिसर में पंचायत कर धरना दिया। बाद में संगठन के जिलाध्यक्ष महेंद्र सिंह यादव ने डीएम के नाम संबोधित ज्ञापन देकर धान की सरकारी खरीद में हेराफेरी की जांच कराने, चीनी मिलों से बकाया गन्ना मूल्य का भुगतान कराने, सिंधौली ब्लॉक की ग्राम पंचायत उल्लिया में पंचायत चुनाव की सूची से फर्जी वोटर हटाने, जमीनों से भूमाफिया के कब्जे हटाने, कांट कस्बे में जलालाबाद मार्ग पर अवैध प्लाटिंग रोकने आदि मांगें उठाईं। इस मौके पर संगठन के राष्ट्रीय सलाहकार रमेश दद्दा, ब्रजमोहन गौतम, सुखपाल सिंह, क्रांति सिंह, संत कुमार मिश्रा, प्रमोद वर्मा, अनिल सिंह, भारत सिंह, शिशुपाल सिंह आदि रहे।
कार्रवाई के आश्वासन पर स्थगित किया धरना
आशा कार्यकर्ता से मारपीट की आरोपी एएनएम पर कार्रवाई की मांग को लेकर आशा कार्यकत्रियों ने चौथे दिन भी खिरनीबाग के जीआईसी मैदान पर सुबह से दोपहर तक धरना दिया। हालांकि, बाद में क्रमिक अनशन शुरू होने की भनक पाकर सिटी मजिस्ट्रेट और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंच गए। उन्होंने धरने का नेतृत्व कर रहे आशा वर्कर्स यूनियन के संरक्षक मो. नबी, जिलाध्यक्ष कमलजीत कौर और नगर अध्यक्ष सुमन श्रीवास्तव से वार्ता कर सभी मांगों पर कार्रवाई को 15 दिन का समय मांगा। अधिकारियों के आश्वासन पर आशाओं ने धरना स्थगित कर दिया। इस मौके पर रूपा देवी, सरिता दीक्षित, आशा देवी, निर्मला, सितारा, गायत्री देवी, सुनीता त्रिपाठी, गुलकंदा, विमला पांडेय, रामबेटी आदि रहीं।
शिया वक्फ के पूर्व चेयरमैन का पुतला फूंककर किया प्रदर्शन
आल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहाद-उल-मुस्लिमीन संगठन से जुड़े सदस्यों ने शिया वक्फ के पूर्व चेयरमैन वसीम रिजवी द्वारा सुप्रीम कोर्ट में कुरान पाक की 26 आयतों को हटाने के लिए दायर की गई जनहित याचिका का विरोध में प्रदर्शन किया। जिलाध्यक्ष अब्दुल नदीम खां के नेतृत्व में कलक्ट्रेट में नारेबाजी कर सिटी मजिस्ट्रेट को राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन देकर वसीम रिजवी को गिरफ्तार करने की मांग की।
लगारी समाज संघर्ष समिति के कार्यकर्ताओं ने अध्यक्ष तसलीम लगारी के नेतृत्व में कचहरी चौराहे पर वसीम रिजवी का पुतला फूंका। इस मौके पर एमएस सिद्दीकी, यानू अली, नजमा खातून, कलीम अहमद, रूबी, यामीन अली, शाहजहां, मो. नवाज आदि रहे।
इन संगठनों ने भी किया प्रदर्शन
जन अधिकार पार्टी के कार्यकर्ताओं ने नई शिक्षा नीति को आर्थिक और सामाजिक रूप से पिछड़े लोगों के लिए हानिकारक बताते हुए कलक्ट्रेट मेें प्रदर्शन किया। बाद में जिलाध्यक्ष हरनाम सिंह कुशवाहा ने राज्यपाल के नाम ज्ञापन देकर शिक्षा नीति समेत कृषि कानूनों और श्रम नीतियों की खामियां दूर कराने की मांग की। इस मौके पर शिवांशु मौर्य, रक्षपाल सिंह कुशवाहा, मनोज कुमार आदि मौजूद रहे।
उधर, खिरनीबाग के जीआईसी मैदान पर भाकपा कार्यकर्ताओं ने ग्राम समाज की जमीनों से अवैध कब्जे हटाने की मांग को लेकर 33वें दिन भी धरना जारी रखा। यहां जिला सचिव मो. सलीम, जिला सह सचिव रामशंकर लाल, राज्य काउंसिल के सदस्य सुरेश कुमार, शहनाज अख्तर, अनिल भास्कर, जगदीश प्रसाद, माया देवी, अशोक गौतम, रिंकी देवी, रामनाथ वर्मा आदि रहे।
प्रदर्शन स्थल पर पाकड़ का वृक्ष धराशायी
प्रशासन ने संगठनों को जीआईसी मैदान पर धरना-प्रदर्शन करने की इजाजत दी है। बीते दिन धूप से बचने के लिए आशा कार्यकर्ताओं ने मैदान के एक कोने में लगे पाकड़ के पुराने पेड़ के नीचे दरी बिछाई, लेकिन बाद मेें वहां बैठने का इरादा टाल दिया। देर रात हवा चलने से जड़ से कमजोर हो चुका पाकड़ का वृक्ष धराशायी हो गया। पेड़ यदि दिन में गिरा होता तो आशा कार्यकर्ताओं के साथ गंभीर हादसा हो सकता था। सोमवार को सुबह धरना देने मैदान पर पहुंची आशा कार्यकर्ताओं ने पेड़ गिरा देखा तो भगवान को धन्यवाद देती दिखीं।